...BIG BREAKING..
खबर है कि इजराइल ने आज ईरान पर एक जोरदार हमला बोला है..
जिसमें ईरानी राष्ट्रपति आवास, गुप्तचर विभाग की बिल्डिंग्स समेत दर्जनों महत्वपूर्ण प्रतिष्ठान हैं.
गौरतलब है कि... अभी दो दिन पहले ही मोदी जी इजराइल का दौरा करके आये हैं और आज वो ईरान पेला गया...!!
इसमें सोशल मीडिया के कट्टरों का कहना है कि...
सामान्य का वर्ग का UGC से ध्यान हटाने के लिए मोदी जी ने इजराइल से ईरान पर ये हमला करवा दिया है.
जबकि, अविमुक्तेश्वरानंद जी के समर्थकों का आरोप है कि ये सब अभिमुक्तेश्वनन्द जी पर से ध्यान बंटाने के लिए किया गया हमला है.
जबकि, आपियों का दावा है कि केजरीवाल को अदालत से बरी होने वाली खबर को दबाने के लिए मोदी जी ने इजराइल ये हमला करवाया है.
😂 😂 😂
t.me/DharamDeshNewsFunn
खबर है कि इजराइल ने आज ईरान पर एक जोरदार हमला बोला है..
जिसमें ईरानी राष्ट्रपति आवास, गुप्तचर विभाग की बिल्डिंग्स समेत दर्जनों महत्वपूर्ण प्रतिष्ठान हैं.
गौरतलब है कि... अभी दो दिन पहले ही मोदी जी इजराइल का दौरा करके आये हैं और आज वो ईरान पेला गया...!!
इसमें सोशल मीडिया के कट्टरों का कहना है कि...
सामान्य का वर्ग का UGC से ध्यान हटाने के लिए मोदी जी ने इजराइल से ईरान पर ये हमला करवा दिया है.
जबकि, अविमुक्तेश्वरानंद जी के समर्थकों का आरोप है कि ये सब अभिमुक्तेश्वनन्द जी पर से ध्यान बंटाने के लिए किया गया हमला है.
जबकि, आपियों का दावा है कि केजरीवाल को अदालत से बरी होने वाली खबर को दबाने के लिए मोदी जी ने इजराइल ये हमला करवाया है.
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The Indian Air Force’s latest exercise underlines India’s unquestionable air superiority, showcasing rapid, precise, and coordinated strike capabilities in simulated wartime conditions.
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Anthropic did so much damage to IT companies over the past few weeks - especially IBM, Infosys and more..
Now they are at the receiving end of Trump.
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आज जहाँ Middle East मे भयानक लड़ाई चल रही है....ईरान पर हमले हो रहे हैं, बदले मे GCC के लगभग सभी देशों पर हमले किये जा रहे हैं.
और यह इलाका ऐसे ही ज्वालामुखी के मुहाने पर हमेशा खड़ा रहता है.... एक चिंगारी और बवाल शुरू.
वहीं भारत मे शान्ति है.... भारत मे Semiconductor Plants लॉन्च हो रहे हैं... सड़कें बन रही हैं, AI summit हो रहे हैं... लोग होली की तैयारी कर रहे हैं..... क्रिकेट world cup के मजे ले रहे हैं.... दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती Economy का हिस्सा बने हुए हैं... अरबों का investment आ रहा है.
यही फर्क है..... समझदार लोगों को समझ आ जाएगा
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और यह इलाका ऐसे ही ज्वालामुखी के मुहाने पर हमेशा खड़ा रहता है.... एक चिंगारी और बवाल शुरू.
वहीं भारत मे शान्ति है.... भारत मे Semiconductor Plants लॉन्च हो रहे हैं... सड़कें बन रही हैं, AI summit हो रहे हैं... लोग होली की तैयारी कर रहे हैं..... क्रिकेट world cup के मजे ले रहे हैं.... दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती Economy का हिस्सा बने हुए हैं... अरबों का investment आ रहा है.
यही फर्क है..... समझदार लोगों को समझ आ जाएगा
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Video of Iranian suicide drone hitting the US Navy base in Bahrain.
This is Modern Warfare.
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Qatar - Live Missile Attack video... Actually this missile was intercepted by the Air Defence system and came down.
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इसी बीच एक और खबर आई है.
मॉरीशस ने मालदीव के साथ राजनयिक संबंध स्थगित कर दिए, जो चागोस द्वीपसमूह को लेकर क्षेत्रीय विवाद के कारण हुआ।
मुख्य कारण - यह स्थगन मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू द्वारा 2022 में पूर्ववर्ती की चागोस पर मॉरीशस की संप्रभुता की मान्यता को उलटने और ब्रिटेन-मॉरीशस समझौते पर आपत्ति के कारण हुआ।
पृष्ठभूमि
चागोस द्वीपसमूह, जिसमें रणनीतिक डिएगो गार्सिया सैन्य अड्डा शामिल है, विवादित रहा है; 2019 में ICJ ने मॉरीशस के पक्ष में निर्णय दिया था, जिससे ब्रिटेन का समझौता हुआ,
लेकिन मालदीव का दावा है कि इससे उनकी समुद्री सीमाएं और विशेष आर्थिक क्षेत्र प्रभावित होते हैं।
5 फरवरी 2026: मुइज्जू ने 2022 का पत्र वापस लिया और राज्य संबोधन में मालदीव का मजबूत दावा दोहराया।
मालदीव ने ब्रिटेन को 8 नवंबर 2024 और 18 जनवरी 2026 को पत्र भेजे, समझौते को अस्वीकार किया।
मॉरीशस कैबिनेट ने बैठक के बाद तत्काल स्थगन का निर्णय लिया।
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मॉरीशस ने मालदीव के साथ राजनयिक संबंध स्थगित कर दिए, जो चागोस द्वीपसमूह को लेकर क्षेत्रीय विवाद के कारण हुआ।
मुख्य कारण - यह स्थगन मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू द्वारा 2022 में पूर्ववर्ती की चागोस पर मॉरीशस की संप्रभुता की मान्यता को उलटने और ब्रिटेन-मॉरीशस समझौते पर आपत्ति के कारण हुआ।
पृष्ठभूमि
चागोस द्वीपसमूह, जिसमें रणनीतिक डिएगो गार्सिया सैन्य अड्डा शामिल है, विवादित रहा है; 2019 में ICJ ने मॉरीशस के पक्ष में निर्णय दिया था, जिससे ब्रिटेन का समझौता हुआ,
लेकिन मालदीव का दावा है कि इससे उनकी समुद्री सीमाएं और विशेष आर्थिक क्षेत्र प्रभावित होते हैं।
5 फरवरी 2026: मुइज्जू ने 2022 का पत्र वापस लिया और राज्य संबोधन में मालदीव का मजबूत दावा दोहराया।
मालदीव ने ब्रिटेन को 8 नवंबर 2024 और 18 जनवरी 2026 को पत्र भेजे, समझौते को अस्वीकार किया।
मॉरीशस कैबिनेट ने बैठक के बाद तत्काल स्थगन का निर्णय लिया।
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आज शनिवार के समाचारपत्रों से पता चला कि न्यू ज़ीलैंड की पूर्व प्रधानमंत्री जासिंडा आरडर्न सपरिवार ऑस्ट्रेलिया पलायन कर गयी है। आरडर्न ने स्वयं इसकी पुष्टि की है।
आरडर्न वर्ष 2017 एवं 2023 के दौरान न्यू ज़ीलैंड की प्रधानमंत्री थी एवं संयुक्त राष्ट्र महासभा में अपने नवजात शिशु को लेकर आयी थी। अपनी नीतियों एवं विचारो के कारण वैश्विक वामपंथ की देवी थी (देवी इसलिए लिखा कि अन्य पंथो में महिला को ईश्वर का स्टेटस नहीं दिया जाता है; अतः समाचारपत्र पुरुष सम्बन्धी विशेषणों- जैसे कि मसीहा - का प्रयोग करते है)।
लेकिन उनकी कट्टर वामपंथी नीतियों के कारण न्यू ज़ीलैंड की अर्थव्यवस्था बैठ गयी, हाउसिंग क्राइसिस (घर की अनुपलब्धता) एवं बेरोजगारी बढ़ गयी। आरडर्न से जब प्रशासन नहीं संभल पाया तो उन्होंने त्यागपत्र दे दिया; अर्थात, चुनाव का सामना ही नहीं किया।
परिणाम यह निकला कि लगभग 50 लाख की जनसँख्या वाले न्यू ज़ीलैंड से पिछले वर्ष 66,300 नागरिक कहीं और पलायन कर गए। आरडर्न के सत्ता छोड़ने के बाद अब तक यह संख्या 2 लाख पार कर गयी है।
भारत में भी जितने पॉलिटिशियन अडानी-अम्बानी-जोमाटो-ब्लिंकइट-टाटा-महिंद्रा-वेदांत इत्यादि को कोसते है, वह सभी स्थिति बिगड़ने पर एक पल में विदेश भाग जाएंगे।
राघव चड्ढा, महुआ, राहुल, अखिलेश इत्यादि एवं सभी वामपंथियों का एक पैर ब्रिटेन या किसी अन्य पश्चिमी राष्ट्र में टिका हुआ है। आश्चर्य कि यह लोग कभी चीन, वेनेज़ुएला या नार्थ कोरिया में अपनी शॉपिंग एवं चिकित्सा क्यों नहीं करवाते है, घर क्यों नहीं लेते है?
एक बात की गारंटी हैं कि चाहे जो हो जाए, नरेंद्र मोदी, योगी जी, मायावती इत्यादि भारत में ही रहेंगे और मार्गदर्शन करते रहेंगे। उनके पास ले-देकर केवल एक ही राष्ट्र है - भारत - और हम-आप उनका परिवार है।
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