Forwarded from CGPSC FOR YOU (DEVENDRA DILAWAR)
संयुक्त राष्ट्र ने नया विश्व मानचित्र अपनाया — “Correct the Map”
•संयुक्त राष्ट्र महासभा ने Equal Earth Projection को बढ़ावा देने वाले प्रस्ताव को अपनाया, जो महाद्वीपों, विशेषकर अफ्रीका, के वास्तविक आकार को अधिक सटीक रूप से दर्शाता है।
•पहल: Correct the Map
•नेतृत्व: टोगो, अफ्रीकी संघ के समर्थन के साथ
•मतदान: 164 पक्ष में, 1 विरोध में (अमेरिका), 6 अनुपस्थित
•प्रकृति: गैर-बाध्यकारी प्रस्ताव
पिछले 10 वर्षों का विश्लेषण
1. पिछले 2 वर्षों में साक्षात्कार चयन हेतु जरूरी अभ्यर्थियों की संख्या(विज्ञापित पदों का 3 गुना)में बहुत बड़ी गिरावट।
2. यही trend आगे भी जारी रहा तो Mains की परीक्षा में शामिल सभी अभ्यर्थियों में अनिश्चितता होगी।
3. क्योंकि सभी 7 विषयों में न्यूनतम अर्हकारी अंक लाना ही चुनौती।
4.2016–23 तक विज्ञापित पद और साक्षात्कार के लिए चयनित अभ्यर्थियों का अनुपात लगभग 1:3 रहा।
5. इस वर्ष यह अनुपात 1:2.29 रहा जो पिछले 10 वर्षों में न्यूनतम है। विज्ञापित पदों के 3 गुना से 187 अभ्यर्थियों का साक्षात्कार के लिए कम चयन होना चिंताजनक।
6. केवल आंकड़ों की बात माने तो इस वर्ष की मूल्यांकन प्रक्रिया पर प्रश्न चिन्ह खड़े होते हैं। क्योंकि इतने अभ्यर्थी पिछले 10 वर्ष में साक्षात्कार की चयन सूची से बाहर नहीं हुए थे।
7. शायद इसी कारण अभ्यर्थियों में नाराज़गी है जो कि तार्किक भी है और वे पुनर्मूल्यांकन की मांग कर रहे हैं।
1. पिछले 2 वर्षों में साक्षात्कार चयन हेतु जरूरी अभ्यर्थियों की संख्या(विज्ञापित पदों का 3 गुना)में बहुत बड़ी गिरावट।
2. यही trend आगे भी जारी रहा तो Mains की परीक्षा में शामिल सभी अभ्यर्थियों में अनिश्चितता होगी।
3. क्योंकि सभी 7 विषयों में न्यूनतम अर्हकारी अंक लाना ही चुनौती।
4.2016–23 तक विज्ञापित पद और साक्षात्कार के लिए चयनित अभ्यर्थियों का अनुपात लगभग 1:3 रहा।
5. इस वर्ष यह अनुपात 1:2.29 रहा जो पिछले 10 वर्षों में न्यूनतम है। विज्ञापित पदों के 3 गुना से 187 अभ्यर्थियों का साक्षात्कार के लिए कम चयन होना चिंताजनक।
6. केवल आंकड़ों की बात माने तो इस वर्ष की मूल्यांकन प्रक्रिया पर प्रश्न चिन्ह खड़े होते हैं। क्योंकि इतने अभ्यर्थी पिछले 10 वर्ष में साक्षात्कार की चयन सूची से बाहर नहीं हुए थे।
7. शायद इसी कारण अभ्यर्थियों में नाराज़गी है जो कि तार्किक भी है और वे पुनर्मूल्यांकन की मांग कर रहे हैं।
❤5👍2