Forwarded from The Narrative
This media is not supported in your browser
VIEW IN TELEGRAM
कानथाल्लूर शाला, तिरुवनंतपुरम 🛕
मेरी संस्कृति ..मेरा देश ..मेरा अभिमान 🚩
मेरी संस्कृति ..मेरा देश ..मेरा अभिमान 🚩
*_अद्भुत अतिसुन्दर ड्रोन से लिया गया दृश्य "हरि" की "पौड़ी"।🚩🙏_*
*_💞🙏हरि ॐ 🙏💞_*
*_💞🙏हरि ॐ 🙏💞_*
*🛕 नीलकंठेश्वर मंदिर, उदयपुर(मध्य प्रदेश)*
*🔶परमार राजा भोज के पुत्र उदयादित्य द्वारा 10-11 वीं शताब्दी में बनवाया गया उदयपुर का नीलकंठेश्वर मंदिर भगवान शिव को समर्पित है। यह मंदिर आस्था और शिल्प का बेजोड़ नमूना है। गगनचुम्बी शिखर, अद्धभुत शिल्प और गर्भगृह में विशाल शिवलिंग के दर्शन करने यहां श्रावण सोमवार पर लाखों दर्शनार्थी पहुंचते हैं।*
*🔶 मंदिर में प्रतिदिन सूर्य किरणाभिषेक होता है। सूरज की पहली किरण मंदिर के गर्भगृह में स्थित शिवलिंग पर पड़ती है। मंदिर का वास्तु कुछ इस प्रकार का है कि भोर की पहली किरण वेधशाला, मंडप और गर्भगृह के छोटे से द्वार को चीरती हुई भगवान भोलेनाथ के शिवलिंग पर पड़ती है।*
*🔶 सूर्यदेव उदय के साथ ही भोलेनाथ को प्रणाम कर जग में उजियारा फैलाने की अनुमति मांगते हों। मुख्य शिवलिंग पर पीतल का आवरण चढ़ाया गया है। जिसे विशेष अवसर पर जल अर्पित करने और दर्शन के लिए अलग भी रख दिया जाता है। मंदिर मेंं शिवलिंग के पास ही देवी पार्वती की प्रतिमा भी उपस्थित है।*
*🔶परमार राजा भोज के पुत्र उदयादित्य द्वारा 10-11 वीं शताब्दी में बनवाया गया उदयपुर का नीलकंठेश्वर मंदिर भगवान शिव को समर्पित है। यह मंदिर आस्था और शिल्प का बेजोड़ नमूना है। गगनचुम्बी शिखर, अद्धभुत शिल्प और गर्भगृह में विशाल शिवलिंग के दर्शन करने यहां श्रावण सोमवार पर लाखों दर्शनार्थी पहुंचते हैं।*
*🔶 मंदिर में प्रतिदिन सूर्य किरणाभिषेक होता है। सूरज की पहली किरण मंदिर के गर्भगृह में स्थित शिवलिंग पर पड़ती है। मंदिर का वास्तु कुछ इस प्रकार का है कि भोर की पहली किरण वेधशाला, मंडप और गर्भगृह के छोटे से द्वार को चीरती हुई भगवान भोलेनाथ के शिवलिंग पर पड़ती है।*
*🔶 सूर्यदेव उदय के साथ ही भोलेनाथ को प्रणाम कर जग में उजियारा फैलाने की अनुमति मांगते हों। मुख्य शिवलिंग पर पीतल का आवरण चढ़ाया गया है। जिसे विशेष अवसर पर जल अर्पित करने और दर्शन के लिए अलग भी रख दिया जाता है। मंदिर मेंं शिवलिंग के पास ही देवी पार्वती की प्रतिमा भी उपस्थित है।*
अद्भुत, दुर्लभ, अकल्पनीय आँध्रप्रदेश के श्रीशैलम वन में पाए जाने वाले हनुमत_वीरा नाम के पेड़ की सभी पत्तियों में श्रीहनुमान जी की छवि पायी जाती है
सनातन धर्म- प्रकृति स्वयं जिसकी साक्षी है
सनातन धर्म- प्रकृति स्वयं जिसकी साक्षी है
सातपुडा के पहाड़ियों पर ऐसे अति प्राचीन मंदिरों के भग्नावशेष आपको बहुत मिलेंगे जो राष्ट्रकूट या चोल या चालुक्य राजवंश के दौरान बने थे ..बाद में दक्कन पर जब मुगलों ने कब्जा कर लिया तब उन्होंने इन तमाम प्राचीन मंदिरों को तोड़ दिया
असल में इस्लाम कभी रचना में विश्वास नहीं करती बल्कि इस्लाम सिर्फ विध्वंस और तोड़फोड़ में ही विश्वास करती है इस इस्लाम ने अफगानिस्तान में चौथी सदी में बने विशाल बामियान बुद्ध की प्रतिमाओं को तहस-नहस कर दिया और जब इस्लाम ने ईरान पर कब्जा जमाया जिसका नाम तब पर्शिया था तब उन्होंने पर्शिया यानी ईरान से सभी ऐतिहासिक स्थलों को तोड़ दिया जो पारसी लोगों से जुड़े थे जिसमें 8000 साल पहले निर्मित विशाल जरथुस्त्र का मंदिर था साथ ही 400 बड़े फायर टेंपल यानी सब मुसलमानों ने ईरान से मिटा दिया अभी हाल में ही जब IS ने इराक के कई शहरों पर कब्जा किया तब उन्होंने मेसोपोटामिया सभ्यता की तमाम निशानियों को तहस-नहस कर दिया
असल में इस्लाम कभी रचना में विश्वास नहीं करती बल्कि इस्लाम सिर्फ विध्वंस और तोड़फोड़ में ही विश्वास करती है इस इस्लाम ने अफगानिस्तान में चौथी सदी में बने विशाल बामियान बुद्ध की प्रतिमाओं को तहस-नहस कर दिया और जब इस्लाम ने ईरान पर कब्जा जमाया जिसका नाम तब पर्शिया था तब उन्होंने पर्शिया यानी ईरान से सभी ऐतिहासिक स्थलों को तोड़ दिया जो पारसी लोगों से जुड़े थे जिसमें 8000 साल पहले निर्मित विशाल जरथुस्त्र का मंदिर था साथ ही 400 बड़े फायर टेंपल यानी सब मुसलमानों ने ईरान से मिटा दिया अभी हाल में ही जब IS ने इराक के कई शहरों पर कब्जा किया तब उन्होंने मेसोपोटामिया सभ्यता की तमाम निशानियों को तहस-नहस कर दिया
Forwarded from The Narrative
तांबड़ी सुरला शिव मंदिर, गोवा 🛕
मेरी संस्कृति ..मेरा देश ..मेरा अभिमान 🚩
मेरी संस्कृति ..मेरा देश ..मेरा अभिमान 🚩
मलेशिया जो आज एक इस्लामी देश है,
कभी यहाँ पर भी वेदों की ऋचाएँ गूँजती थी।
कभी यहाँ के वायुमंडल ॐ नमः शिवाय के पंचाक्षरी मन्त्र से गुंजायमान होता था।
कभी यहाँ भी घर घर में शिवपुराण का पाठ किया जाता था।
हाँ, ये मलय देश सनातन धर्म संस्कृति परम्परा का पालन करने वाला देश था।
आज भी इस देश के गुफाओं में बने भित्तिचित्र इसे प्रमाणित करते हैं।
ये भगवान शिव का नटराज रूप बटु गुफ़ा में बना हुआ है।
यह गुफ़ा मन्दिर, गोम्बक, सेलंगर, मलेशिया में स्थित हैं।
भगवान शिव "नटराज" असुर अपस्मार (मूयासक) के ऊपर ताण्डव नृत्य में लीन हैं।
उनके दाहिने हाथ में डमरु, बाएँ हाथ में अग्नि पात्र, दूसरा दायाँ हाथ अभय मुद्रा में है।
भगवान शिव अपने दाहिने पाँव पर असुर अपस्मार पर संतुलन में हैं।
ये हैं सनातन धर्म के महान धरोहर...
जय सनातन धर्म
जय महाकाल
कभी यहाँ पर भी वेदों की ऋचाएँ गूँजती थी।
कभी यहाँ के वायुमंडल ॐ नमः शिवाय के पंचाक्षरी मन्त्र से गुंजायमान होता था।
कभी यहाँ भी घर घर में शिवपुराण का पाठ किया जाता था।
हाँ, ये मलय देश सनातन धर्म संस्कृति परम्परा का पालन करने वाला देश था।
आज भी इस देश के गुफाओं में बने भित्तिचित्र इसे प्रमाणित करते हैं।
ये भगवान शिव का नटराज रूप बटु गुफ़ा में बना हुआ है।
यह गुफ़ा मन्दिर, गोम्बक, सेलंगर, मलेशिया में स्थित हैं।
भगवान शिव "नटराज" असुर अपस्मार (मूयासक) के ऊपर ताण्डव नृत्य में लीन हैं।
उनके दाहिने हाथ में डमरु, बाएँ हाथ में अग्नि पात्र, दूसरा दायाँ हाथ अभय मुद्रा में है।
भगवान शिव अपने दाहिने पाँव पर असुर अपस्मार पर संतुलन में हैं।
ये हैं सनातन धर्म के महान धरोहर...
जय सनातन धर्म
जय महाकाल
Forwarded from The Narrative
This media is not supported in your browser
VIEW IN TELEGRAM
थिरुचेंदुर मुरुगन मंदिर, तमिलनाडु 🛕.
मेरी संस्कृति ..मेरा देश ..मेरा अभिमान 🚩
मेरी संस्कृति ..मेरा देश ..मेरा अभिमान 🚩
Bhagwan Ganesha worshiped all over the world over centuries... let's see
धर्म पूरे विश्व में एक ही है, और उसका नाम है, 🕉सत्य सनातन धर्म🚩 यह था, है, और सदा रहेगा
धर्म पूरे विश्व में एक ही है, और उसका नाम है, 🕉सत्य सनातन धर्म🚩 यह था, है, और सदा रहेगा
👆भगवान गणेश की दुनिया की सबसे ऊंची खड़ी मूर्ति। 128 फीट लंबा, गणेश की यह विशालकाय कांस्य मूर्ति भारत में नहीं बल्कि थाईलैंड के ख्लोंग खुआन गणेश इंटरनेशनल पार्क में है।
गणपति बप्पा मोरया
वीडियो👆🏻👇🏻
गणपति बप्पा मोरया
वीडियो👆🏻👇🏻
VID-20210911-WA0066.mp4
1 MB
Video from जैकी मनवानी
*_पाटेश्वर गुफायें, सतारा, महाराष्ट्र, भारत...🙏🚩_*
*_सतारा के घाटों के बीच घोंसला रहस्यमयी पाटेश्वर गुफायें और मन्दिर परिसर हैं। 8 प्राचीन गुफायें हैं जिनमें से 1000 से अधिक पत्थर नक्काशीदार शिवलिंग हैं...!_*
😍😍😍❤️❤️❤️😮😮😮😲😲😲
*_जय सनातन 🙏🚩_*
*_सतारा के घाटों के बीच घोंसला रहस्यमयी पाटेश्वर गुफायें और मन्दिर परिसर हैं। 8 प्राचीन गुफायें हैं जिनमें से 1000 से अधिक पत्थर नक्काशीदार शिवलिंग हैं...!_*
😍😍😍❤️❤️❤️😮😮😮😲😲😲
*_जय सनातन 🙏🚩_*