जलियांवाला बाग हत्याकांड (13 अप्रैल 1919)
तात्कालिक कारण: डॉ. सैफुद्दीन किचलू और डॉ. सत्यपाल की गिरफ्तारी (9 अप्रैल 1919) का विरोध।
मुख्य अपराधी: ब्रिगेडियर-जनरल रेजिनाल्ड डायर (गोली चलाने का आदेश दिया)।
गोलीबारी: लगभग 10 मिनट तक, कुल 1,650 राउंड फायर।
हंटर आयोग रिपोर्ट: 379 मृत और 1,200 घायल (सरकारी आंकड़ा)।
तात्कालिक कारण: डॉ. सैफुद्दीन किचलू और डॉ. सत्यपाल की गिरफ्तारी (9 अप्रैल 1919) का विरोध।
मुख्य अपराधी: ब्रिगेडियर-जनरल रेजिनाल्ड डायर (गोली चलाने का आदेश दिया)।
गोलीबारी: लगभग 10 मिनट तक, कुल 1,650 राउंड फायर।
हंटर आयोग रिपोर्ट: 379 मृत और 1,200 घायल (सरकारी आंकड़ा)।
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⬜️भारत की स्वतंत्रता के बाद से गरीबी के मापन के लिए बनी समितियां
👉 योजना आयोग कार्य समूह - 1962
👉वी एम दांडेकर और एन रथ - 1971
👉अलघ समिति - 1979
👉लकड़वाला समिति - 1993
👉तेंदुलकर समिति - 2009
👉 रंग राजन समिति - 2014
👉 योजना आयोग कार्य समूह - 1962
👉वी एम दांडेकर और एन रथ - 1971
👉अलघ समिति - 1979
👉लकड़वाला समिति - 1993
👉तेंदुलकर समिति - 2009
👉 रंग राजन समिति - 2014
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⬜️ वेद - ब्राह्मण ग्रंथ
◾️ऋग्वेद - ऐतरेय तथा कौषीतकी
◾️यजुर्वेद - तेत्तिरीय तथा शतपथ
◾️सामवेद - पंचविश
◾️अथर्ववेद - गोपथ
◾️ऋग्वेद - ऐतरेय तथा कौषीतकी
◾️यजुर्वेद - तेत्तिरीय तथा शतपथ
◾️सामवेद - पंचविश
◾️अथर्ववेद - गोपथ
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⬜️सम्प्रदाय - संस्थापक
◾️आजीवक - मक्खलिपुत्र गोशाल
◾️घोर अक्रियावादी - पूरण कश्यप्
◾️यदृच्छावाद - आचार्य अजित
◾️भौतिकवादी - पकुध कच्चायन (भौतिक दर्शन)
◾️अनिश्चयवादी - संजय वेट्ठलिपुत्र
◾️आजीवक - मक्खलिपुत्र गोशाल
◾️घोर अक्रियावादी - पूरण कश्यप्
◾️यदृच्छावाद - आचार्य अजित
◾️भौतिकवादी - पकुध कच्चायन (भौतिक दर्शन)
◾️अनिश्चयवादी - संजय वेट्ठलिपुत्र
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99 Ramsar Site List as (22-04-2026).pdf
2.6 MB
99 Ramsar Site List as (22-04-2026).pdf
*महत्त्वपूर्ण तथ्य :*
• *विष्णु पुराण* से मौर्य वंश से सम्बन्धित जानकारी प्राप्त होती है।
• *मत्स्य पुराण* से आन्ध्र-सातवाहन तथा शुंग वंश से सम्बन्धित जानकारी प्राप्त होती है।
• *वायु पुराण* से गुप्त वंश से सम्बन्धित जानकारी प्राप्त होती है।
• *विष्णु पुराण* से मौर्य वंश से सम्बन्धित जानकारी प्राप्त होती है।
• *मत्स्य पुराण* से आन्ध्र-सातवाहन तथा शुंग वंश से सम्बन्धित जानकारी प्राप्त होती है।
• *वायु पुराण* से गुप्त वंश से सम्बन्धित जानकारी प्राप्त होती है।
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📌 भारत के सभी राज्यों के प्रमुख राष्ट्रीय उद्यान – States & Their Major National Parks (Bilingual)
➥ आंध्र प्रदेश (Andhra Pradesh)
▪️ श्री वेंकटेश्वर – Sri Venkateswara➥ अरुणाचल प्रदेश (Arunachal Pradesh)
▪️ पापिकोंडा – Papikonda
▪️ नामदाफा – Namdapha
▪️ मौलिंग – Mouling
➥ असम (Assam)
▪️ काज़ीरंगा – Kaziranga➥ बिहार (Bihar)
▪️ मानस – Manas
▪️ नामेरी – Nameri
▪️ ओरंग – Orang
▪️ डिब्रू–सैखोवा – Dibru–Saikhowa
▪️ वाल्मीकि – Valmiki
➥ छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh)
▪️ इंद्रावती – Indravati
▪️ कांगेर घाटी – Kanger Valley
▪️ गुरु घासीदास – Guru Ghasidas
➥ गोवा (Goa)
▪️ मोल्लेम – Mollem
➥ गुजरात (Gujarat)
▪️ गिर – Gir➥ हरियाणा (Haryana)
▪️ ब्लैकबक (वेलावदर) – Blackbuck (Velavadar)
▪️ मरीन (कच्छ की खाड़ी) – Marine (Gulf of Kutch)
▪️ वंसदा – Vansda
▪️ सुल्तानपुर – Sultanpur
▪️ कालेसर – Kalesar
➥ हिमाचल प्रदेश (Himachal Pradesh)
▪️ ग्रेट हिमालयन – Great Himalayan
▪️ पिन वैली – Pin Valley
▪️ खीरगंगा – Khirganga
▪️ इंदरकिला – Inderkilla
▪️ सिम्बलबाड़ा – Simbalbara
➥ झारखंड (Jharkhand)
▪️ बेतला – Betla
➥ कर्नाटक (Karnataka)
▪️ बांदीपुर – Bandipur
▪️ नागरहोल – Nagarhole
▪️ बन्नेरघट्टा – Bannerghatta
▪️ कुद्रेमुख – Kudremukh
▪️ अंशी (काली) – Anshi (Kali)
➥ केरल (Kerala)
▪️ पेरियार – Periyar➥ मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh)
▪️ एराविकुलम – Eravikulam
▪️ साइलेंट वैली – Silent Valley
▪️ अनामुडी शोला – Anamudi Shola
▪️ पंबादुम शोला – Pampadum Shola
▪️ मथिकट्टन शोला – Mathikettan Shola
▪️ कान्हा – Kanha➥ महाराष्ट्र (Maharashtra)
▪️ बांधवगढ़ – Bandhavgarh
▪️ पेंच – Pench
▪️ सतपुड़ा – Satpura
▪️ पन्ना – Panna
▪️ संजय – Sanjay
▪️ माधव – Madhav
▪️ वन विहार – Van Vihar
▪️ कूनो – Kuno
▪️ ताडोबा – Tadoba
▪️ संजय गांधी – Sanjay Gandhi
▪️ गुगामल – Gugamal
▪️ नवेगांव – Navegaon
➥ मणिपुर (Manipur)
▪️ केइबुल लामजाओ – Keibul Lamja
o
➥ मेघालय (Meghalaya
)ram
▪️ नोकरेक – Nokrek
▪️ बलपाक्रम – Balpak
➥ मिजोरम (Mizor
am)
▪️ फावंगपुई – Phawngpui (Blue Moun
tain)
➥ नागालैंड (Naga
land)
▪️ इंटांकी –
Intanki
➥ ओडिशा (
Odisha)
▪️ सिमलीपाल – Simlipal
▪️ भितरकनिका – Bhi
tarkanika
➥ राजस्थान (R
ajasthan)tional Park
▪️ रणथंभौर – Ranthambore
▪️ सरिस्का – Sariska
▪️ केवलादेव – Keoladeo
▪️ मरुस्थल – Desert Na
➥ सिक्क
िम (Sikkim)
▪️ खांगचेंदजोंगा – Kh
angchendzonga
➥ तमिलनाडु
(Tamil Nadu)
▪️ मुदुमलाई – Mudumalai
▪️ मुकुर्थी – Mukurthi
▪️ इंदिरा गांधी (अनामलाई) – Indira Gandhi (Anamalai)
▪️ गल्फ ऑफ मन्नार – Gulf of
Mannar (Marine)
➥ तेलंग
ाना (Telangana)
▪️ कासू ब्रह्मानंद रेड्डी – Kasu Brahmananda Reddy
▪️ महावीर हरिणा – Mahavir Harina
▪️ मृ
गवाणी – Mrugavani
➥ त
्रिपुरा (Tripura)
▪️ क्लाउडेड लेपर्ड – Clouded Leopard
▪️
राजबाड़ी – Rajbari
➥ उत्तर प्र
देश (Uttar Prades
h)
▪️ दुधवा – Dudhwa
➥ उत
्तराखंड (Uttarakhand)र्स – Valley of Flowers
▪️ जिम कॉर्बेट – Jim Corbett
▪️ राजाजी – Rajaji
▪️ नंदा देवी – Nanda Devi
▪️ वैली ऑफ फ्लाव
➥ पश्
चिम बंगाल (West Bengal)▪️ जलदापाड़ा – Jaldapara
▪️ सुंदरबन – Sundarbans
▪️ बक्सा – Buxa
▪️ गोरूमारा – Gorumara
▪️ निओरा वैली – Neora Valley
▪️ सिंगालीला – Singalila
⬜️ अकबर की "आईन - ए - दहशाला पद्धति "
◽️यह अकबर की ' भू राजस्व पद्धति ' है जो 1580 ई. में दिखाई देती है l
इसके अंतर्गत निम्नलिखित कदम उठाए गए l
1. भूमि की माप - लोहे की जंजीर ( जरीब) का प्रयोग तथा माप हेतु ' गज- ए- इलाही ' इकाई l
2. भूमि का वर्गीकरण — 4 types
पोलज , परती, चाचर और बंजर l
3. भू राजस्व निर्धारण
पोलज और परती - 1/3
चाचर में इससे कम रखी गई l
4. अधिकारी वर्ग
केंद्रीय स्तर पर - दीवाने आला l
प्रांतीय स्तर पर - दीवान l
सरकार के स्तर पर - अमल गुजार l
ग्रामीण स्तर पर - पटवारी / चौधरी
◽️यह अकबर की ' भू राजस्व पद्धति ' है जो 1580 ई. में दिखाई देती है l
इसके अंतर्गत निम्नलिखित कदम उठाए गए l
1. भूमि की माप - लोहे की जंजीर ( जरीब) का प्रयोग तथा माप हेतु ' गज- ए- इलाही ' इकाई l
2. भूमि का वर्गीकरण — 4 types
पोलज , परती, चाचर और बंजर l
3. भू राजस्व निर्धारण
पोलज और परती - 1/3
चाचर में इससे कम रखी गई l
4. अधिकारी वर्ग
केंद्रीय स्तर पर - दीवाने आला l
प्रांतीय स्तर पर - दीवान l
सरकार के स्तर पर - अमल गुजार l
ग्रामीण स्तर पर - पटवारी / चौधरी
🔳भारत आने वाले प्रमुख विदेशी यात्री
▪️एंथोनी मोनसेरेट पुर्तगाली पुजारी
यात्रा काल: 1578-1582 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): अकबर
▪️राल्फ फिच (प्रथम अंग्रेज यात्री)
यात्रा काल: 1585-1591 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश):
▪️कैप्टन हॉकिन्स (अंग्रेजी यात्री)
यात्रा काल: 1608-1613 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगी
▪️जॉन जर्दन (पुर्तगाली)
यात्रा काल: 1608-1617 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगीर
▪️निकोलस डाउटन (अंग्रेजी नौसेना अधिकारी)
यात्रा काल: 1608-1615 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगीर
▪️सर थॉमस रो (अंग्रेजी राजदूत)
यात्रा काल: 1615-1619 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगीर
▪️फ़्रांसिस्को पेलेसर्ट (डच)
यात्रा काल: 1620-1627 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगीर
▪️पीटर मुंडी (इटली)
यात्रा काल: 1630-1634 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): शाहजहां
▪️टैवर्नियर (फ्रांसीसी जौहरी)
यात्रा काल: 1641-1687 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): शाहजहां और औरंगजेब
▪️मनुची (इटली)
यात्रा काल: 1656-1687 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): औरंगजेब
▪️बर्नियर (फ्रांसीसी चिकित्सक)
यात्रा काल: 1658-1668 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): औरंगजेब
▪️एंथोनी मोनसेरेट पुर्तगाली पुजारी
यात्रा काल: 1578-1582 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): अकबर
▪️राल्फ फिच (प्रथम अंग्रेज यात्री)
यात्रा काल: 1585-1591 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश):
▪️कैप्टन हॉकिन्स (अंग्रेजी यात्री)
यात्रा काल: 1608-1613 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगी
▪️जॉन जर्दन (पुर्तगाली)
यात्रा काल: 1608-1617 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगीर
▪️निकोलस डाउटन (अंग्रेजी नौसेना अधिकारी)
यात्रा काल: 1608-1615 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगीर
▪️सर थॉमस रो (अंग्रेजी राजदूत)
यात्रा काल: 1615-1619 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगीर
▪️फ़्रांसिस्को पेलेसर्ट (डच)
यात्रा काल: 1620-1627 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगीर
▪️पीटर मुंडी (इटली)
यात्रा काल: 1630-1634 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): शाहजहां
▪️टैवर्नियर (फ्रांसीसी जौहरी)
यात्रा काल: 1641-1687 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): शाहजहां और औरंगजेब
▪️मनुची (इटली)
यात्रा काल: 1656-1687 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): औरंगजेब
▪️बर्नियर (फ्रांसीसी चिकित्सक)
यात्रा काल: 1658-1668 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): औरंगजेब
🔆 भारत की प्राचीन लिपियाँ
📍 ब्राह्मी लिपि
✅ कई आधुनिक भारतीय लिपियों की पूर्वज – देवनागरी, तमिल, तेलुगु, कन्नड़, उड़िया, असमिया, बंगाली
✅ बाएँ से दाएँ लिखी जाती है
📍 ग्रंथ लिपि
✅ व्यापक रूप से उपयोग की गई (6वीं–20वीं सदी) तमिलनाडु और केरल में
✅ संस्कृत और मणिप्रवलम लिखने के लिए उपयोग की गई
✅ ब्राह्मी से विकसित; मलयालम, तिगलारी, सिंहला की पूर्वज
📍 गुप्त लिपि
✅ गुप्त साम्राज्य से जुड़ी
✅ ब्राह्मी से उत्पन्न
✅ नागरी, शारदा, सिद्धम, देवनागरी, गुरुमुखी, असमिया, बंगाली, तिब्बती लिपियों की उत्पत्ति
📍 गुरुमुखी लिपि
✅ 16वीं सदी में गुरु अंगद द्वारा मानकीकृत
✅ शारदा लिपि से व्युत्पन्न
✅ गुरु ग्रंथ साहिब और पंजाबी भाषा के लिए उपयोग की जाती है
📍 सिंधु लिपि
✅ सिंधु घाटी सभ्यता की लिपि
✅ प्रतीकों का समूह; अभी तक अनसुलझी
📍 खरोष्ठी लिपि
✅ ब्राह्मी की बहन लिपि
✅ प्राचीन गांधार में उपयोग की गई
✅ जेम्स प्रिंसेप द्वारा अनसुलझी गई
✅ अधिकांशतः दाएँ से बाएँ लिखी जाती है
✅ अंक रोमन अंकों जैसे
📍 मोदी लिपि
✅ ऐतिहासिक रूप से मराठी के लिए उपयोग की गई
✅ 20वीं सदी तक महाराष्ट्र की आधिकारिक लिपि
✅ उर्दू, कन्नड़, गुजराती, हिंदी, तमिल के लिए भी उपयोग
📍 शारदा लिपि
✅ लगभग 8वीं सदी में विकसित
✅ अबुगिदा शैली में लिखी जाती है
✅ संस्कृत और कश्मीरी के लिए उपयोग
✅ अब केवल औपचारिक उपयोग तक सीमित
📍 उर्दू लिपि
✅ दाएँ से बाएँ लिखी जाती है
✅ संशोधित फारसी-अरबी वर्णमाला
✅ नस्तालीक शैली से प्रभावित
✅ विस्तारित रूप शाहमुखी पंजाबी और सराइकी के लिए उपयोग
📍 वट्टेलुत्तु लिपि
✅ तमिल-ब्राह्मी से विकसित
✅ अबुगिदा शैली में लिखी जाती है
✅ ग्रंथी, पल्लव और तमिल लिपियों के लिए उपयोग
🔆 भाषा और पांडुलिपि पहल
📍 राष्ट्रीय अनुवाद मिशन (2008)
✅ भारतीय भाषाओं में अनुवाद को बढ़ावा देना
✅ CIIL द्वारा कार्यान्वित
📍 राष्ट्रीय भारतीय भाषाओं का शब्दकोश (2008)
✅ व्यापक शब्दकोश संकलित करना
✅ CIIL, मैसूर द्वारा कार्यान्वित
📍 मिशन भाषिणी
✅ MeitY द्वारा शुरू
✅ एआई/एनएलपी, भाषण पहचान, अनुवाद पर केंद्रित
✅ C-DAC द्वारा कार्यान्वित
📍 राष्ट्रीय पांडुलिपि मिशन (2003)
✅ प्राचीन पांडुलिपियों का संरक्षण और डिजिटलीकरण
✅ IGNCA द्वारा कार्यान्वित
📌 UPSC प्रासंगिकता
✅ GS-1 – कला और संस्कृति
✅ प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण (लिपि-विशेषता मिलान)
✅ भाषा संरक्षण और सांस्कृतिक विरासत से जुड़ा
📍 ब्राह्मी लिपि
✅ कई आधुनिक भारतीय लिपियों की पूर्वज – देवनागरी, तमिल, तेलुगु, कन्नड़, उड़िया, असमिया, बंगाली
✅ बाएँ से दाएँ लिखी जाती है
📍 ग्रंथ लिपि
✅ व्यापक रूप से उपयोग की गई (6वीं–20वीं सदी) तमिलनाडु और केरल में
✅ संस्कृत और मणिप्रवलम लिखने के लिए उपयोग की गई
✅ ब्राह्मी से विकसित; मलयालम, तिगलारी, सिंहला की पूर्वज
📍 गुप्त लिपि
✅ गुप्त साम्राज्य से जुड़ी
✅ ब्राह्मी से उत्पन्न
✅ नागरी, शारदा, सिद्धम, देवनागरी, गुरुमुखी, असमिया, बंगाली, तिब्बती लिपियों की उत्पत्ति
📍 गुरुमुखी लिपि
✅ 16वीं सदी में गुरु अंगद द्वारा मानकीकृत
✅ शारदा लिपि से व्युत्पन्न
✅ गुरु ग्रंथ साहिब और पंजाबी भाषा के लिए उपयोग की जाती है
📍 सिंधु लिपि
✅ सिंधु घाटी सभ्यता की लिपि
✅ प्रतीकों का समूह; अभी तक अनसुलझी
📍 खरोष्ठी लिपि
✅ ब्राह्मी की बहन लिपि
✅ प्राचीन गांधार में उपयोग की गई
✅ जेम्स प्रिंसेप द्वारा अनसुलझी गई
✅ अधिकांशतः दाएँ से बाएँ लिखी जाती है
✅ अंक रोमन अंकों जैसे
📍 मोदी लिपि
✅ ऐतिहासिक रूप से मराठी के लिए उपयोग की गई
✅ 20वीं सदी तक महाराष्ट्र की आधिकारिक लिपि
✅ उर्दू, कन्नड़, गुजराती, हिंदी, तमिल के लिए भी उपयोग
📍 शारदा लिपि
✅ लगभग 8वीं सदी में विकसित
✅ अबुगिदा शैली में लिखी जाती है
✅ संस्कृत और कश्मीरी के लिए उपयोग
✅ अब केवल औपचारिक उपयोग तक सीमित
📍 उर्दू लिपि
✅ दाएँ से बाएँ लिखी जाती है
✅ संशोधित फारसी-अरबी वर्णमाला
✅ नस्तालीक शैली से प्रभावित
✅ विस्तारित रूप शाहमुखी पंजाबी और सराइकी के लिए उपयोग
📍 वट्टेलुत्तु लिपि
✅ तमिल-ब्राह्मी से विकसित
✅ अबुगिदा शैली में लिखी जाती है
✅ ग्रंथी, पल्लव और तमिल लिपियों के लिए उपयोग
🔆 भाषा और पांडुलिपि पहल
📍 राष्ट्रीय अनुवाद मिशन (2008)
✅ भारतीय भाषाओं में अनुवाद को बढ़ावा देना
✅ CIIL द्वारा कार्यान्वित
📍 राष्ट्रीय भारतीय भाषाओं का शब्दकोश (2008)
✅ व्यापक शब्दकोश संकलित करना
✅ CIIL, मैसूर द्वारा कार्यान्वित
📍 मिशन भाषिणी
✅ MeitY द्वारा शुरू
✅ एआई/एनएलपी, भाषण पहचान, अनुवाद पर केंद्रित
✅ C-DAC द्वारा कार्यान्वित
📍 राष्ट्रीय पांडुलिपि मिशन (2003)
✅ प्राचीन पांडुलिपियों का संरक्षण और डिजिटलीकरण
✅ IGNCA द्वारा कार्यान्वित
📌 UPSC प्रासंगिकता
✅ GS-1 – कला और संस्कृति
✅ प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण (लिपि-विशेषता मिलान)
✅ भाषा संरक्षण और सांस्कृतिक विरासत से जुड़ा