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🔳 भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) से संबंधित महत्वपूर्ण तथ्य:

◼️ RBI भारत का केंद्रीय बैंक है, जिसकी स्थापना हिल्टन यंग आयोग की संस्तुति पर 1 अप्रैल 1935 को हुई।
◼️RBI का राष्ट्रीयकरण- 1 जनवरी 1949

◼️ इसका मुख्य उद्देश्य मुद्रा नियंत्रण, बैंकिंग प्रणाली का विनियमन, और वित्तीय स्थिरता सुनिश्चित करना है

◼️ RBI की मुद्रा नीति देश में मुद्रास्फीति और मुद्रास्फीतिजन्य दबाव को नियंत्रित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है

◼️ रेपो रेट और रिवर्स रेपो रेट का निर्धारण RBI द्वारा किया जाता है, जिससे बैंकिंग प्रणाली में नकदी प्रवाह को नियंत्रित किया जाता है।

◼️RBI के प्रथम गवर्नर -ऑस बॉर्न स्मिथ
◼️स्वतंत्र भारत के प्रथम RBI गवर्नर -सीडी देशमुख
◼️RBI के वर्तमान गवर्नर -शक्तिकांत दास


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🔳केंद्र- राज्य संबंध से संबंधित अनुच्छेद :-
◼️केंद्र राज्यों का संबंध संविधान के भाग 11(अनुच्छेद 245-263) में दिया गया है

◼️अनुच्छेद 245
संसद देश में कानून बना सकती है।
विधानमंडल राज्य में कानून बना सकती है।

◼️अनुच्छेद 246
संघ सूची ,राज्य सूची व समवर्ती सूची के विषयों का उल्लेख।

◼️ अनुच्छेद 247
अतिरिक्त न्यायालय बनाया जा सकता है।

◼️अनुच्छेद 248
अवशिष्ट सूची।
जो विषय बाद में जुड़े जाएंगे वह केंद्र सरकार के विषय में जोड़े जाएंगे। ex-इसरो, डीआरडीओ, साइबर क्राइम आदि।


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🔳संविधान के महत्वपूर्ण अनुच्छेद:-

◼️अनुच्छेद 252
दो या दो से अधिक राज्यों की सहमति हो तो संसद राज्य सूची में भी कानून बना सकती है।

◼️ अनुच्छेद 253
अंतर्राष्ट्रीय करार या समझौते को प्रभावी बनाने के लिए संसद राज्य सूची में भी कानून बना सकती है।

◼️अनुच्छेद 254
विधानमंडल ऐसा कोई कानून नहीं बनाएगी जो संसद के कानून से असंगत हो या मेल ना खाता हो।

◼️अनुच्छेद 263
अन्तर्राजीय परिषद का उल्लेख।
सभी राज्य और यूटी के मुख्यमंत्री की केंद्र सरकार द्वारा वर्ष में तीन बार मीटिंग


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🔳भारत की संघीय प्रणाली:-
◼️संघ छोटे-छोटे राज्यों से मिलकर बना है जिसमें राज्य अलग नहीं हो सकते। संघ में इकहरी नागरिकता का प्रावधान होता है। जिसमें सभी राज्यों के लिए एक ही
संविधान काम करता है।

◼️संघ और उसके क्षेत्र का वर्णन संविधान के भाग 1(अनुच्छेद 1-4) में है।

◼️अनुच्छेद 1
भारत, राज्यों का एक संघ (यूनियन )है।

◼️अनुच्छेद- 2
संसद,राष्ट्रपति के पूर्व अनुमति पर किसी विदेशी राज्य को भारत में मिला सकती है

◼️जैसे -सिक्किम को  35 वां संविधान संशोधन करके सह राज्य बनाया गया तथा 36 वां संविधान संशोधन करके 1975 में सिक्किम को पूर्ण राज्य का दर्जा दिया गया। सिकिम भारत का 22वां राज्य था।

◼️अनुच्छेद 3
ससद किसी भी राज्य के नाम, सीमा क्षेत्र में परिवर्तन कर सकती है।

◼️ अनुच्छेद 4
अनुच्छेद 4 परिणामी प्रावधानों को स्थापित करने और बदलने के लिए पहली और चौथी अनुसूची के संशोधनों में इन परिवर्तनों को जोड़ने के लिए जिम्मेदार है।


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🔳 देसी रियासतों का भारत में विलय:-

◼️13 देशी रियासतों ने पाकिस्तान में विलय कर लिया

◼️552 देशी रियासतें भारत में बची जिसको संघ में मिलने की जिम्मेदारी सरदार पटेल,वीपी मेनन और माउंटबेटन को मिली।

◼️ तीन देशी रियासतों ने भारत में मिलने से मना कर दिया लेकिन बाद में वह विभिन्न ऑपरेशनों के तहत भारत में मिल गई।

◼️वे तीन रियासतें निम्न है
हैदराबाद, जूनागढ़ ,जम्मू कश्मीर।

◼️ हैदराबाद को ऑपरेशन पोलो के तहत भारत में मिलाया गया।
◼️ जूनागढ़ में जनमत संग्रह करवा करके भारत में मिलाया गया।
◼️ जम्मू कश्मीर को एक विलय पत्र पर हस्ताक्षर करवा करके भारत में मिलाया गया।


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🔳 राज्यों का पुनर्गठन:-
◼️ फजल अली आयोग

◼️इस आयोग का गठन 1953 में किया गया तथा इसकी रिपोर्ट 1956 में प्रस्तुत की गई

◼️इस आयोग ने भाषा के आधार पर राज्यों के गठन करने की बात अवश्य कही लेकिन साथ ही ये भी जोड़ा की केवल भाषा ही राज्यों के पुनर्गठन का आधार न होगा

◼️7वां संविधान संशोधन 1956 में किया गया ,जो राज्यों के पुनर्गठन के लिए था

◼️ कुल 14 राज्य व 6 संघ शासित प्रदेश थे।


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🔳 आग्नेय चट्टान का रूपांतरण:-
▪️आग्नेय      -  कायान्तरित
▪️ग्रेनाइट     - नीस
▪️साइनाइट - साइनाइट नीस
▪️ग्रेबो         - सरपेंटाइन
▪️बेसाल्ट    - सिस्ट
▪️बिटुमिनस कोयला - ग्रेफाइट


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🔳अवसादी चट्टान का रूपांतरण :-
▪️अवसादी - कायान्तरित
▪️सपिण्ड         - सपिण्ड सिस्ट
▪️बलुआ पत्थर - क्वार्जाइट
▪️शेल               - स्लेट
▪️चूना-पत्थर    - संगमरमर
▪️लिग्नाइट कोयला - एंथ्रोसाइट कोयला


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🔳महत्वपूर्ण विदेशी यात्री / दूत:-
◼️ मेगस्थनीज (302-298 ईसा पूर्व): सेलेकस निकेटर का राजदूत

◼️ फा-हियान (405-411 ईस्वी): वह चंद्रगुप्त द्वितीय विक्रमादित्य के शासनकाल में भारत आया था।

◼️ह्वेन-त्सांग (630-645 ईस्वी): वह हर्षवर्धन के शासनकाल में भारत आया था।

◼️ इत्सिंग (671-695 ईस्वी): एक चीनी यात्री

◼️अल-मसुदी (957 ईस्वी): एक अरब यात्री, पुस्तक- 'मुरुज-उल-जेहाब'

◼️ अल-बरूनी (1024-1030 ईस्वी): महमूद गजनवी, पुस्तक- किताब उल हिंद


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🔳महत्वपूर्ण विदेशी यात्री / दूत
◼️माक्रोपोलो (1292-1294 ईस्वी): 1294 ईस्वी में दक्षिण भारत का दौरा किया। उनकी कृति 'द बुक ऑफ सर मार्को पोलो'

◼️ इबनबतूता (1333-1347 ईस्वी): एक मोरिश यात्री, उनकी पुस्तक 'रेहला', मुहम्मद-बिन-तुगलक

◼️ निकोलो कोंटी (1420-1421 ईस्वी): एक वेनिस यात्री, विजयनगर का साम्राज्य

◼️ अब्दुर रज्जाक (1443-1444 ईस्वी): फ़ारसी यात्री, कालीकट में जमोरिन

◼️ विलियम हॉकिन्स (1608-1611 ईस्वी): अंग्रेजी राजदूत, जहाँगीर


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🔳मुगलकालीन प्रशासनिक अधिकारियों की सूची:-

◼️प्रशासनिक इकाई -प्रांत (सुबा)
▪️अधिकारी
1. सिपेहसालारः प्रमुख कार्यकारी (अकबर अधीन और बाद में सुबेदार को निजाम के रूप मे जाना जाता था)
2. दीवानः राजस्व विभाग का प्रभारी
3. बक्शीः सैन्य विभाग का प्रभारी

◼️प्रशासनिक इकाई -जिला (सरकार)
▪️अधिकारी
1. फौजदारः प्रशासनिक प्रधान
2. अमाल / अमलगुज़र : राजस्व संग्रह
3. कोतवालः कानून और व्यवस्था का रख- आपराधिक मामलों का निशान और मूल्य नियमन
◼️प्रशासनिक इकाई-परगना
▪️अधिकारी
1. शिकदारः प्रशासनिक प्रमुख ने खुद को और कोतवाल के कर्तव्यों में मिला लिया
2. अमीन क़ानूनगोः राजस्व अधिकारी

◼️प्रशासनिक इकाई-गाँव
▪️अधिकारी
1. मुक़द्दमः मुखिया
2. पटवारीः मुनीम
3. चौकीदार


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🔳 राज्यों में अनुच्छेद 371 (A-J) के तहत विशेष प्रावधान :-
◼️अनुच्छेद 371- महाराष्ट्र और गुजरात
◼️अनुच्छेद 371A - नागालैंड
◼️अनुच्छेद 371B-  असम।
◼️अनुच्छेद 371C- मणिपुर
◼️अनुच्छेद 371 D,E -आंध्र प्रदेश
◼️अनुच्छेद 371F-  सिक्किम
◼️अनुच्छेद 371G- मिजोरम
◼️अनुच्छेद 371H- अरुणाचल प्रदेश
◼️अनुच्छेद 371 I- गोवा
◼️अनुच्छेद 371J - हैदराबाद-कर्नाटक


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🔳निर्वाचन आयोग से संबंधित संवैधानिक प्रावधान:
◾️भारतीय संविधान का भाग XV (अनुच्छेद 324-329): यह चुनावों से संबंधित है और इन मामलों हेतु एक आयोग की स्थापना करता है।
▪️अनुच्छेद 324: चुनाव का अधीक्षण, निर्देशन और नियंत्रण चुनाव आयोग में निहित है।
▪️अनुच्छेद 325: धर्म, जाति या लिंग के आधार पर किसी भी व्यक्ति विशेष को मतदाता सूची में शामिल न करने और इनके आधार पर मतदान के लिये अयोग्य नहीं ठहराने का प्रावधान।
▪️अनुच्छेद 326: लोकसभा और राज्यों की विधानसभाओं के चुनाव वयस्क मताधिकार पर आधारित होंगे।
▪️अनुच्छेद 327: विधानसभाओं के चुनाव के संबंध में प्रावधान करने की संसद की शक्ति।
▪️अनुच्छेद 328: ऐसे विधानमंडल के चुनावों के संबंध में प्रावधान करने के लिये राज्य के विधानमंडल की शक्ति।
▪️अनुच्छेद 329: चुनावी मामलों में अदालतों के हस्तक्षेप पर रोक।


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🔳भारत निर्वाचन आयोग (अनुच्छेद 324):-
◼️एक स्वायत्त संवैधानिक निकाय है जो भारत में संघ और राज्य चुनाव प्रक्रियाओं का संचालन करता है।
▪️ स्थापना- 25 जनवरी, 1950
▪️ यह देश में लोकसभा, राज्यसभा, राज्य विधानसभाओं, राष्ट्रपति और उपराष्ट्रपति के चुनाव का संचालन करता है।

◼️ इसका राज्यों में पंचायतों और नगर पालिकाओं के चुनावों से कोई संबंध नहीं है।
◾️ इसके लिये भारत का संविधान अलग से राज्य चुनाव आयोग का प्रावधान करता है


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🔳महत्वपूर्ण संवैधानिक समितियां:-

◼️राजमन्नार समिति (तमिलनाडु सरकार, 1969) 
▪️ अवशिष्ट विषय या तो समाप्त कर देने चाहिए अथवा राज्यों को दिए जाने चाहिए.
▪️अन्तर्राज्यीय परिषद् का गठन किया जाना चाहिए.
▪️ अखिल भारतीय सेवाओं को समाप्त किया जाना चाहिए.

◼️सरकारिया आयोग (केंद्र-राज्य सम्बन्ध, 1983)
▪️अंतर्राज्यीय परिषद् का गठन होना चाहिए.
▪️निगम कर का राज्यों के साथ बँटवारा
▪️अखिल भारतीय सेवाओं को सशक्त बनाना
▪️ राज्यपाल को नियुक्त करने से पहले मुख्यमंत्री की सलाह


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🔳राज्य पुनर्गठन से संबंधित आयोग:-

🔳धर आयोग (एस.के धर.1947-48)

◼️राज्यों का पुनर्गठन मात्र भाषा के आधार पर नहीं होना चाहिए


🔳जे.वी.पी. समिति (जवाहरलाल नेहरु, बल्लभभाई पटेल, पट्टाभिसीतारमैया 1948)
◼️राज्यों के पुनर्गठन में देश की सुरक्षा, एकता और आर्थिक समृद्धि को ध्यान में रखा जाना चाहिए.


🔳राज्य पुनर्गठन आयोग 1956
(सैयद फजल अली, ह्रदयनाथ कुजरू, के.एम. पणिक्कर,)

◼️ राज्यों के पुनर्गठन के लिए भाषा के आधार को स्वीकार किया, इसी के आधार पर राज्य पुनर्गठन अधिनियम बनाया गया.


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🔳यूरोपीय कंपनियों के आगमन का क्रम
▪️ पुर्तगाली
▪️ डच
▪️अंग्रेज
▪️ डेन
▪️फ्रांसीसी


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🔳समितियों/आयोगों का नाम वर्ष गवर्नर-जनरल/वायसराय :-
◼️बटलर आयोग- 1927 - लॉर्ड इरविन - भारतीय राज्य
◼️ व्हिटले आयोग- 1929- लॉर्ड इरविन - श्रम
◼️ साइमन कमीशन- लॉर्ड इरविन- शासन योजना की प्रगति की जांच करने एवं सुधार के लिए नए कदम सुझाने हेतु
◼️ सप्रू आयोग- 1935 - लॉर्ड लिनलिथगो - बेरोजगारी
◼️ हिल्टन यंग आयोग- 1939- लॉर्ड लिनलिथगो- मुद्रा
◼️ चैटफील्ड आयोग - 1939 - लॉर्ड लिनलिथगो- सेना
◼️ फ्लाउड आयोग - 1940 - लॉर्ड लिनलिथगो - बंगाल में काश्तकारी


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🔳समितियों/आयोगों का नाम वर्ष गवर्नर-जनरल/वायसराय :-
◼️ स्कॉट-मोनक्रिफ आयोग- 1901- लॉर्ड कर्जन - सिंचाई
◼️ बैबिंगटन स्मिथ आयोग - 1919- लॉर्ड चेम्सफोर्ड- मुद्रा
◼️ हंटर कमेटी रिपोर्ट- 1919- लॉर्ड चेम्सफोर्ड - पंजाब विवाद
◼️ मुडीमन कमिटी- 1924- लॉर्ड रीडिंग- मांटेग्यू-चेम्सफोर्ड सुधारों के द्वैध शासन की कार्यप्रणाली के परीक्षण हेतु


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🔳सिंधु घाटी सभ्यता में बंदरगाह शहर

🔳ट्रिक: BSNL.

◼️B : बालाकोट
◼️S : सुत्कंगनडोर
◼️N : नागेश्वर
◼️L : लोथल


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