23 जनवरी,1948 को सुभाष चन्द्र बोस के लिए किसने कहा था, "हमें उनका अनुसरण करना चाहिए.......सुभाष एक महान वेशभक्त थे उन्होंने अपना जीवन देश पर न्योछावर किया है। संकीर्णतावाव और जाति-भेवभाव की उनके लिए कोई उपयोगिता नहीं थी। वे सबसे एक समान व्यवहार करते थे।"
Anonymous Quiz
29%
महात्मा गांधी
39%
जवाहर लाल नेहरू
25%
भूलाभाई देसाई
7%
मौलाना आजाद
👍3❤1
सुभाष चंद्र बोस कांग्रेस के अध्यक्ष कब बने?(HISTORY BY JRF PASSED) ⭐
Anonymous Quiz
22%
1939, 1940
16%
1935, 1936
16%
1937, 1938
46%
1938, 1939
👍2
जवाहरलाल नेहरू ने डिस्कवरी ऑफ इंडिया /DICOVERY OF INDIAनामक पुस्तक किस जेल (कारावास) में लिखी थी? (MH SET 2018)(HISTORY BY JRF PASSED) ⭐
Anonymous Quiz
14%
पूना जेल
57%
अहमदनगर जेल
22%
माण्डले जेल
7%
सेलुलर जेल
👍2
निम्नलिखित में से कौनसा गांधीजी के रचनात्मक कार्यक्रम का हिस्सा नहीं था?(HISTORY BY JRF PASSED) ⭐
Anonymous Quiz
12%
तालीमी संघ
7%
ग्राम उद्योग संघ
21%
गौरक्षा समिति
34%
अंतर-धार्मिक विवाह संघ
27%
उपर्युक्त सभी
👍1
⭐ MOST IMPORTANT FACTS ⭐
🏰 मुगल साम्राज्य में सूबा व्यवस्था (Akbar से Aurangzeb)
🔶 अकबर का काल
📅 1580 ई. (शासन का 24वाँ वर्ष)
अकबर ने सम्पूर्ण साम्राज्य को 12 सूबों में विभाजित किया
📘 आइन-ए-अकबरी में भी 12 प्रान्तों का उल्लेख
📅 1605 ई. तक
अकबर ने 3 नए सूबे और जोड़े
🔢 कुल सूबे = 15
📍 अकबर के प्रमुख सूबे (15)
1️⃣ इलाहाबाद
2️⃣ आगरा
3️⃣ दिल्ली
4️⃣ काबुल
5️⃣ लाहौर
6️⃣ मुल्तान
7️⃣ बिहार
8️⃣ बंगाल
9️⃣ अहमदाबाद
🔟 अजमेर
1️⃣1️⃣ अवध
1️⃣2️⃣ मालवा
🔻 दक्षिण के सूबे
1️⃣3️⃣ खानदेश
1️⃣4️⃣ बरार
1️⃣5️⃣ अहमदनगर
📝 दक्षिण के तीनों सूबों के लिए एक ही सूबेदार नियुक्त
🏙️ राजधानी – बुराहनपुर
🔶 जहाँगीर का काल
कुल सूबे = 17
🏔️ कांगड़ा को जीतकर लाहौर सूबे में सम्मिलित किया गया
🔶 शाहजहाँ का काल
अकबर द्वारा अन्य सूबों में मिलाए गए क्षेत्रों को अलग सूबा बनाया गया
🏔️ कश्मीर (लाहौर से अलग)
🌊 थट्टा (मुल्तान से अलग)
🌾 उड़ीसा (बंगाल से अलग)
🔢 कुल सूबे = 18
🔶 औरंगजेब का काल
⚔️ गोलकुंडा व बीजापुर पर विजय
🔢 कुल सूबे = 20
📚 दत्त, रायचौधरी व मजूमदार के अनुसार
औरंगजेब के समय कुल सूबे = 21
🟩 उत्तर भारत – 14 सूबे
🌍 भारत के बाहर – 1 (काबुल)
🔻 दक्षिण भारत – 6 सूबे
✨ परीक्षात्मक तथ्य (Quick Revision)
आइन-ए-अकबरी → 12 सूबे
दक्षिण के तीनों सूबों की राजधानी → बुराहनपुर
सबसे अधिक विस्तार → औरंगजेब के काल में
🏰 मुगल साम्राज्य में सूबा व्यवस्था (Akbar से Aurangzeb)
🔶 अकबर का काल
📅 1580 ई. (शासन का 24वाँ वर्ष)
अकबर ने सम्पूर्ण साम्राज्य को 12 सूबों में विभाजित किया
📘 आइन-ए-अकबरी में भी 12 प्रान्तों का उल्लेख
📅 1605 ई. तक
अकबर ने 3 नए सूबे और जोड़े
🔢 कुल सूबे = 15
📍 अकबर के प्रमुख सूबे (15)
1️⃣ इलाहाबाद
2️⃣ आगरा
3️⃣ दिल्ली
4️⃣ काबुल
5️⃣ लाहौर
6️⃣ मुल्तान
7️⃣ बिहार
8️⃣ बंगाल
9️⃣ अहमदाबाद
🔟 अजमेर
1️⃣1️⃣ अवध
1️⃣2️⃣ मालवा
🔻 दक्षिण के सूबे
1️⃣3️⃣ खानदेश
1️⃣4️⃣ बरार
1️⃣5️⃣ अहमदनगर
📝 दक्षिण के तीनों सूबों के लिए एक ही सूबेदार नियुक्त
🏙️ राजधानी – बुराहनपुर
🔶 जहाँगीर का काल
कुल सूबे = 17
🏔️ कांगड़ा को जीतकर लाहौर सूबे में सम्मिलित किया गया
🔶 शाहजहाँ का काल
अकबर द्वारा अन्य सूबों में मिलाए गए क्षेत्रों को अलग सूबा बनाया गया
🏔️ कश्मीर (लाहौर से अलग)
🌊 थट्टा (मुल्तान से अलग)
🌾 उड़ीसा (बंगाल से अलग)
🔢 कुल सूबे = 18
🔶 औरंगजेब का काल
⚔️ गोलकुंडा व बीजापुर पर विजय
🔢 कुल सूबे = 20
📚 दत्त, रायचौधरी व मजूमदार के अनुसार
औरंगजेब के समय कुल सूबे = 21
🟩 उत्तर भारत – 14 सूबे
🌍 भारत के बाहर – 1 (काबुल)
🔻 दक्षिण भारत – 6 सूबे
✨ परीक्षात्मक तथ्य (Quick Revision)
आइन-ए-अकबरी → 12 सूबे
दक्षिण के तीनों सूबों की राजधानी → बुराहनपुर
सबसे अधिक विस्तार → औरंगजेब के काल में
Telegram
🎯 HISTORY BY JRF PASSED(CHANNEL )📌UGC NET/JRF, ASSISTANT PROFESSOR/GRADE FIRST
🔥 4 बार NET और JRF Qualify (99.83 Percentile) – दिसंबर 2024 🔥AIR 90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
❤4👍2
⭐ IMPORTANT FACTS ⭐
📚 अकबर के समय प्रमुख अनुवाद कार्य (मकतबखाना)
🏛️ अनुवाद विभाग (मकतबखाना)
📅 1574 ई. — फतेहपुर सीकरी में स्थापना
👤 अध्यक्ष — फैजी
👤 सहायक — अब्दुर्रहीम ख़ानख़ाना
📖 प्रमुख ग्रंथ एवं अनुवाद
1️⃣ सिंहासन बत्तीसी
🔤 नाम — खिराद-ए-अफज़नामा
✍️ अनुवादक — बदायूंनी
📅 1574–75 ई.
⭐ सबसे पहले अनूदित ग्रंथ
2️⃣ अथर्ववेद
✍️ अनुवादक — हाजी इब्राहिम सरहिंदी
📝 पहले यह कार्य बदायूंनी को सौंपा गया था
3️⃣ महाभारत
🔤 नाम — रज़्मनामा
👤 नेतृत्व — नकीब ख़ाँ
✍️ अनुवादक — बदायूंनी, मुल्ला शेरी, हाजी सुल्तान थानेसरी
📅 1582 ई.
4️⃣ रामायण
🔤 नाम — दराबनामा
✍️ अनुवादक — बदायूंनी
📅 1584–88 ई.
5️⃣ कलीला दिमना
🔤 नाम — आयार-ए-दानिश
✍️ अनुवादक — अबुल फ़ज़ल
📅 1589–90 ई.
6️⃣ राजतरंगिणी
🔤 नाम — बहर-उल-अस्मार
✍️ अनुवादक — शाह मुहम्मद शाहाबादी
📅 1590 ई.
7️⃣ लीलावती
✍️ फारसी अनुवाद — फैजी
8️⃣ भागवत पुराण
✍️ अनुवादक — फैजी
9️⃣ नल–दमयंती
🔤 नाम — नल ओ दमन
✍️ अनुवादक — फैजी
📅 1594 ई.
🔟 पंचतंत्र
🔤 नाम — अनवार-ए-सुहैली
✍️ अनुवादक — अबुल फ़ज़ल
📜 बाइबिल
📌 फारसी अनुवाद सर्वप्रथम अकबर के संरक्षण में किया गया
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSEDD
📚 अकबर के समय प्रमुख अनुवाद कार्य (मकतबखाना)
🏛️ अनुवाद विभाग (मकतबखाना)
📅 1574 ई. — फतेहपुर सीकरी में स्थापना
👤 अध्यक्ष — फैजी
👤 सहायक — अब्दुर्रहीम ख़ानख़ाना
📖 प्रमुख ग्रंथ एवं अनुवाद
1️⃣ सिंहासन बत्तीसी
🔤 नाम — खिराद-ए-अफज़नामा
✍️ अनुवादक — बदायूंनी
📅 1574–75 ई.
⭐ सबसे पहले अनूदित ग्रंथ
2️⃣ अथर्ववेद
✍️ अनुवादक — हाजी इब्राहिम सरहिंदी
📝 पहले यह कार्य बदायूंनी को सौंपा गया था
3️⃣ महाभारत
🔤 नाम — रज़्मनामा
👤 नेतृत्व — नकीब ख़ाँ
✍️ अनुवादक — बदायूंनी, मुल्ला शेरी, हाजी सुल्तान थानेसरी
📅 1582 ई.
4️⃣ रामायण
🔤 नाम — दराबनामा
✍️ अनुवादक — बदायूंनी
📅 1584–88 ई.
5️⃣ कलीला दिमना
🔤 नाम — आयार-ए-दानिश
✍️ अनुवादक — अबुल फ़ज़ल
📅 1589–90 ई.
6️⃣ राजतरंगिणी
🔤 नाम — बहर-उल-अस्मार
✍️ अनुवादक — शाह मुहम्मद शाहाबादी
📅 1590 ई.
7️⃣ लीलावती
✍️ फारसी अनुवाद — फैजी
8️⃣ भागवत पुराण
✍️ अनुवादक — फैजी
9️⃣ नल–दमयंती
🔤 नाम — नल ओ दमन
✍️ अनुवादक — फैजी
📅 1594 ई.
🔟 पंचतंत्र
🔤 नाम — अनवार-ए-सुहैली
✍️ अनुवादक — अबुल फ़ज़ल
📜 बाइबिल
📌 फारसी अनुवाद सर्वप्रथम अकबर के संरक्षण में किया गया
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSEDD
Telegram
🎯 HISTORY BY JRF PASSED(CHANNEL )📌UGC NET/JRF, ASSISTANT PROFESSOR/GRADE FIRST
🔥 4 बार NET और JRF Qualify (99.83 Percentile) – दिसंबर 2024 🔥AIR 90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
❤2👍1
⭐ IMPORTANT FACTS ⭐
🎨 जहाँगीर कालीन प्रमुख चित्रकार
🖌️ 1. मनोहर
बसावन का पुत्र
🦁 शिकार दृश्यों के चित्रण में विशेष दक्ष
प्रसिद्ध चित्र –
शेर का शिकार करते हुए जहाँगीर
काला हिरण
📖 शेख सादी की ‘गुलिस्तां’ में मनोहर की स्वयं की तस्वीर संकलित
🖌️ 2. दौलत
जहाँगीर के आदेश पर पानी में देखकर स्वयं का चित्र बनाया
👨🎨 अपने समकालीन चित्रकारों के चित्र बनाए –
बिशनदास
अबुल हसन
गोवर्धन
आत्मचित्रण (Self-portrait) के लिए प्रसिद्ध
🖌️ 3. फारुख बेग
दौलत का गुरु
🏛️ जहाँगीर काल का वरिष्ठ चित्रकार
प्रमुख कृतियाँ –
सुल्तान इब्राहिम आदिलशाह का चित्र
प्राचीन कवियों एवं दरवेशों के चित्र
🖌️ 4. गोवर्धन
🎶 संतों, संगीतज्ञों और फकीरों के चित्रण में निपुण
शाहजहाँ काल के चित्रकार विचित्र द्वारा निर्मित
सूफी गायकों का चित्र प्रसिद्ध
🖌️ 5. मोहम्मद नादिर
मंसूर की भाँति 🌸 पौधों व पुष्पों के चित्र बनाने में दक्ष
प्रसिद्ध चित्र –
नर्गिस का फूल
🖌️ 6. बिशनदास
🖼️ छवि चित्र (शबीह) बनाने में माहिर
जहाँगीर द्वारा फारस के शाह अब्बास के दरबार में भेजा गया
प्रमुख चित्र –
शाह अब्बास की शबीह
नूरजहाँ की शबीह
🎨 जहाँगीर कालीन प्रमुख चित्रकार
🖌️ 1. मनोहर
बसावन का पुत्र
🦁 शिकार दृश्यों के चित्रण में विशेष दक्ष
प्रसिद्ध चित्र –
शेर का शिकार करते हुए जहाँगीर
काला हिरण
📖 शेख सादी की ‘गुलिस्तां’ में मनोहर की स्वयं की तस्वीर संकलित
🖌️ 2. दौलत
जहाँगीर के आदेश पर पानी में देखकर स्वयं का चित्र बनाया
👨🎨 अपने समकालीन चित्रकारों के चित्र बनाए –
बिशनदास
अबुल हसन
गोवर्धन
आत्मचित्रण (Self-portrait) के लिए प्रसिद्ध
🖌️ 3. फारुख बेग
दौलत का गुरु
🏛️ जहाँगीर काल का वरिष्ठ चित्रकार
प्रमुख कृतियाँ –
सुल्तान इब्राहिम आदिलशाह का चित्र
प्राचीन कवियों एवं दरवेशों के चित्र
🖌️ 4. गोवर्धन
🎶 संतों, संगीतज्ञों और फकीरों के चित्रण में निपुण
शाहजहाँ काल के चित्रकार विचित्र द्वारा निर्मित
सूफी गायकों का चित्र प्रसिद्ध
🖌️ 5. मोहम्मद नादिर
मंसूर की भाँति 🌸 पौधों व पुष्पों के चित्र बनाने में दक्ष
प्रसिद्ध चित्र –
नर्गिस का फूल
🖌️ 6. बिशनदास
🖼️ छवि चित्र (शबीह) बनाने में माहिर
जहाँगीर द्वारा फारस के शाह अब्बास के दरबार में भेजा गया
प्रमुख चित्र –
शाह अब्बास की शबीह
नूरजहाँ की शबीह
Telegram
🎯 HISTORY BY JRF PASSED(CHANNEL )📌UGC NET/JRF, ASSISTANT PROFESSOR/GRADE FIRST
🔥 4 बार NET और JRF Qualify (99.83 Percentile) – दिसंबर 2024 🔥AIR 90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
❤3👍1
⭐ IMPORTANT FACTS ⭐
✨ खाने-जहाँ मलिक मक़बूल (कवामुलमुल्क) ✨
🌸 मूल परिचय
✅ असली नाम – कन्नू (फूल)
✅ मूलतः – तेलंगाना का ब्राह्मण
✅ मुहम्मद बिन तुगलक का गुलाम बना
✅ इस्लाम कबूल करने पर नाम मिला – "मक़बूल"
📜 उपाधियाँ एवं उपनाम
✔️ मसनदे आली
✔️ आजमे हुमायूँ
✔️ उलुग कतलूग
✔️ कवामुलमुल्क (विशेष उपाधि)
🤝 राजनीतिक जीवन
✅ मुहम्मद बिन तुगलक ने दिया – नायब वज़ीर का पद
✅ फिरोज तुगलक ने बनाया – वज़ीर
✅ फिरोज उसे अपना भाई मानता था
✅ फिरोज तुगलक का प्रसिद्ध कथन –
👉 "खाने-जहाँ ही दिल्ली का महान और वास्तविक सुल्तान है।"
💰 वेतन एवं सम्मान
✔️ प्रतिवर्ष वेतन – 13 लाख टंका
✔️ ईमानदारी और निष्ठा के लिए प्रसिद्ध
⚰️ मृत्यु के बाद
✅ मृत्यु के बाद उसका पद और उपाधि → पुत्र जूना खाँ को मिली
✨ खाने-जहाँ मलिक मक़बूल (कवामुलमुल्क) ✨
🌸 मूल परिचय
✅ असली नाम – कन्नू (फूल)
✅ मूलतः – तेलंगाना का ब्राह्मण
✅ मुहम्मद बिन तुगलक का गुलाम बना
✅ इस्लाम कबूल करने पर नाम मिला – "मक़बूल"
📜 उपाधियाँ एवं उपनाम
✔️ मसनदे आली
✔️ आजमे हुमायूँ
✔️ उलुग कतलूग
✔️ कवामुलमुल्क (विशेष उपाधि)
🤝 राजनीतिक जीवन
✅ मुहम्मद बिन तुगलक ने दिया – नायब वज़ीर का पद
✅ फिरोज तुगलक ने बनाया – वज़ीर
✅ फिरोज उसे अपना भाई मानता था
✅ फिरोज तुगलक का प्रसिद्ध कथन –
👉 "खाने-जहाँ ही दिल्ली का महान और वास्तविक सुल्तान है।"
💰 वेतन एवं सम्मान
✔️ प्रतिवर्ष वेतन – 13 लाख टंका
✔️ ईमानदारी और निष्ठा के लिए प्रसिद्ध
⚰️ मृत्यु के बाद
✅ मृत्यु के बाद उसका पद और उपाधि → पुत्र जूना खाँ को मिली
Telegram
🎯 HISTORY BY JRF PASSED(CHANNEL )📌UGC NET/JRF, ASSISTANT PROFESSOR/GRADE FIRST
🔥 4 बार NET और JRF Qualify (99.83 Percentile) – दिसंबर 2024 🔥AIR 90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
👍1
⭐ IMPORTANT FACTS ⭐
आइन-ए-अकबरी के अनुसार अकबर के 17 चित्रकार -ख्वाजा अब्दुस्समद, बसावन, मीर सैय्यद अली, दसवंत, मुकुंद, केशव, माधव, लाल, मिस्कीन, तारा, जगह, महेश, खेमकरण, सांवलदास, हरिवंश, राम, फर्रख कलमाक।
आइन-ए-अकबरी के अनुसार अकबर के 17 चित्रकार -ख्वाजा अब्दुस्समद, बसावन, मीर सैय्यद अली, दसवंत, मुकुंद, केशव, माधव, लाल, मिस्कीन, तारा, जगह, महेश, खेमकरण, सांवलदास, हरिवंश, राम, फर्रख कलमाक।
❤3👍3
⭐ IMPORTANT FACTS ⭐
✨ अकबरकालीन दरबारी व्यक्तित्व एवं घटनाएँ (आकर्षक प्रस्तुति) ✨
👩🍼 जीजी अनगा (धाय माँ)
अंतगा (अतगा) खाँ, अकबर की धाय माँ जीजी अनगा के पति थे।
जीजी अनगा ने अकबर के जन्म के बाद उसे अपना दूध पिलाया।
उनकी मृत्यु पर अकबर ने शोक में सिर मुंडवाया — यह उनके प्रति गहरे सम्मान का प्रतीक था।
👑 अजीज कोका (कोका = दूध-भाई)
अजीज कोका, अकबर का दूध-भाई था।
अकबर ने उसे "खान-ए-आज़म" की उपाधि प्रदान की।
⚔️ अतगा खाँ की हत्या और अधम खाँ का दंड
माहम अनगा के पुत्र अधम खाँ ने दरबार में अतगा खाँ की हत्या कर दी।
अकबर इस विश्वासघात से अत्यंत क्रोधित हुआ।
उसने अधम खाँ को किले की प्राचीर से दो बार नीचे फिंकवाकर मृत्युदंड दिलाया।
(पहली बार गिरने पर वह जीवित बच गया, अतः दूसरी बार फिंकवाया गया।)
🕌 अतगा खाँ का मकबरा (निजामुद्दीन परिसर, दिल्ली)
स्थित: हज़रत निजामुद्दीन औलिया की दरगाह के निकट।
मकबरे पर अंकित नाम:
🏗️ वास्तुकार – खुदा कुली
✍️ सुलेखक – बाकी मुहम्मद
🕌 माहम अनगा का स्थापत्य योगदान
दिल्ली में पुराने किले (पुराना क़िला) के सामने
👉 ‘खैर-उल-मंज़िल’ मस्जिद का निर्माण करवाया।
✨ अकबरकालीन दरबारी व्यक्तित्व एवं घटनाएँ (आकर्षक प्रस्तुति) ✨
👩🍼 जीजी अनगा (धाय माँ)
अंतगा (अतगा) खाँ, अकबर की धाय माँ जीजी अनगा के पति थे।
जीजी अनगा ने अकबर के जन्म के बाद उसे अपना दूध पिलाया।
उनकी मृत्यु पर अकबर ने शोक में सिर मुंडवाया — यह उनके प्रति गहरे सम्मान का प्रतीक था।
👑 अजीज कोका (कोका = दूध-भाई)
अजीज कोका, अकबर का दूध-भाई था।
अकबर ने उसे "खान-ए-आज़म" की उपाधि प्रदान की।
⚔️ अतगा खाँ की हत्या और अधम खाँ का दंड
माहम अनगा के पुत्र अधम खाँ ने दरबार में अतगा खाँ की हत्या कर दी।
अकबर इस विश्वासघात से अत्यंत क्रोधित हुआ।
उसने अधम खाँ को किले की प्राचीर से दो बार नीचे फिंकवाकर मृत्युदंड दिलाया।
(पहली बार गिरने पर वह जीवित बच गया, अतः दूसरी बार फिंकवाया गया।)
🕌 अतगा खाँ का मकबरा (निजामुद्दीन परिसर, दिल्ली)
स्थित: हज़रत निजामुद्दीन औलिया की दरगाह के निकट।
मकबरे पर अंकित नाम:
🏗️ वास्तुकार – खुदा कुली
✍️ सुलेखक – बाकी मुहम्मद
🕌 माहम अनगा का स्थापत्य योगदान
दिल्ली में पुराने किले (पुराना क़िला) के सामने
👉 ‘खैर-उल-मंज़िल’ मस्जिद का निर्माण करवाया।
Telegram
🎯 HISTORY BY JRF PASSED(CHANNEL )📌UGC NET/JRF, ASSISTANT PROFESSOR/GRADE FIRST
🔥 4 बार NET और JRF Qualify (99.83 Percentile) – दिसंबर 2024 🔥AIR 90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
❤2👍1
Forwarded from 📚 HISTORY QUIZ BY JRF PASSED 📚
📢 नई शुरुआत – Telegram Paid Group Launch! 🎯
अब इतिहास की तैयारी होगी और भी दमदार!
✅ अब तक अपलोड किए गए tests = 104
⭐ साथ में UGC NET के 19 PREVIOUS YEAR PAPERS TEST FORMAT ME ⭐
🧾 विशेषताएँ:
🔹 Unlimited Access – जब चाहे, जितनी बार चाहें अभ्यास करें
🔹 Topic-wise संपूर्ण भारतीय इतिहास के tests
⭐ सभी प्रकार के प्रश्न शामिल यथा सत्य_असत्य,मिलान, सुमेलित इत्यादि। ⭐
🔹 UGC NET, JRF, RPSC Assistant Professor,RPSC GRADE FIRST एवं अन्य राज्यों के Assistant Professor / PGT Exams के लिए उपयोगी
🔹 ❌ कोई समय सीमा नहीं, ❌ कोई attempt सीमा नहीं
Validity: JUNE 2026 तक
💰 Fees: ₹599 मात्र
⭐ ⭐ पहले 15 विद्यार्थियों के लिए मात्र 499
📚 गुणवत्ता, नियमितता और सफलता — सब एक ही स्थान पर!
👉 Join now & get unlimited access to excellence!
TEST SERIES CREATED BY हेमचंद्र विक्रमादित्य (4 TIMES NET AND DECEMBER 2024 JRF WITH ALL INDIA RANK 90)
📌
DM FOR JOIN @JRFFALLINDIARANK90
अब इतिहास की तैयारी होगी और भी दमदार!
✅ अब तक अपलोड किए गए tests = 104
⭐ साथ में UGC NET के 19 PREVIOUS YEAR PAPERS TEST FORMAT ME ⭐
🧾 विशेषताएँ:
🔹 Unlimited Access – जब चाहे, जितनी बार चाहें अभ्यास करें
🔹 Topic-wise संपूर्ण भारतीय इतिहास के tests
⭐ सभी प्रकार के प्रश्न शामिल यथा सत्य_असत्य,मिलान, सुमेलित इत्यादि। ⭐
🔹 UGC NET, JRF, RPSC Assistant Professor,RPSC GRADE FIRST एवं अन्य राज्यों के Assistant Professor / PGT Exams के लिए उपयोगी
🔹 ❌ कोई समय सीमा नहीं, ❌ कोई attempt सीमा नहीं
Validity: JUNE 2026 तक
💰 Fees: ₹599 मात्र
⭐ ⭐ पहले 15 विद्यार्थियों के लिए मात्र 499
📚 गुणवत्ता, नियमितता और सफलता — सब एक ही स्थान पर!
👉 Join now & get unlimited access to excellence!
TEST SERIES CREATED BY हेमचंद्र विक्रमादित्य (4 TIMES NET AND DECEMBER 2024 JRF WITH ALL INDIA RANK 90)
📌
DM FOR JOIN @JRFFALLINDIARANK90
❤1
⭐ IMPORTANT FACTS ⭐
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🌾 पाबना किसान विद्रोह (1873–76 ई.) 🌾
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
📍 स्थान
• बंगाल का पाबना जिला (युसुफशाही परगना)
• बाद में विस्तार – ढाका, मैमन सिंह, बोगरा, राजशाही, फरीदपुर, बाकरगंज, बिदुरा आदि
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🏛 पृष्ठभूमि
• जमींदारों द्वारा मनमाना लगान वृद्धि
• अवैध सेस (abwabs) और अत्याचार
• किसानों में असंतोष की तीव्र भावना
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🤝 किसान संघ की स्थापना (1873)
• ‘Agrarian League’ (किसान संघ) की स्थापना
• उद्देश्य – संगठित एवं वैधानिक तरीके से अधिकारों की रक्षा
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
👑 आन्दोलन की विचारधारा
• किसान ब्रिटिश शासन के विरोधी नहीं थे
• उनका नारा –
“हम महारानी और सिर्फ महारानी के रैय्यत होना चाहते हैं।”
• वे सीधे ब्रिटिश क्राउन के अधीन रहना चाहते थे, जमींदारों से मुक्त
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🧑🌾 प्रमुख नेता
• ईशानचन्द्र राय
• शम्भुपाल
• खोदी मल्लाह
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
📰 प्रेस और समर्थन
• अमृत बाजार पत्रिका ने विरोध किया (जमींदार समर्थक रुख)
• इंडियन एसोसिएशन ने समर्थन किया
– सुरेन्द्रनाथ बनर्जी
– आनंद मोहन बोस
– द्वारकानाथ गांगुली
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🤝 सांप्रदायिक एकता का उदाहरण
• हिन्दू-मुस्लिम किसानों ने संयुक्त रूप से भाग लिया
• सामाजिक एकता का अनूठा उदाहरण
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
⚖ प्रशासनिक प्रतिक्रिया
• लेफ्टिनेंट गवर्नर कैंपबेल ने सहानुभूतिपूर्ण रुख अपनाया
• जाँच आयोग की नियुक्ति
• आयोग की सिफारिशों के आधार पर
📜 बंगाल काश्तकारी अधिनियम, 1885 पारित
👉 परिणाम –
• किसानों को भूमि पर अधिकार संरक्षण
• जमींदारों की मनमानी पर नियंत्रण
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
✨ आन्दोलन की विशेषताएँ
• पूर्णतः अहिंसक
• कानून के दायरे में संचालित
• संगठित, अनुशासित और वैधानिक संघर्ष
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🎭 साहित्यिक उल्लेख
• ‘जमींदार दर्पण’ नाटक
• लेखक – शर्फ हुसैन
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🌾 पाबना किसान विद्रोह (1873–76 ई.) 🌾
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
📍 स्थान
• बंगाल का पाबना जिला (युसुफशाही परगना)
• बाद में विस्तार – ढाका, मैमन सिंह, बोगरा, राजशाही, फरीदपुर, बाकरगंज, बिदुरा आदि
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🏛 पृष्ठभूमि
• जमींदारों द्वारा मनमाना लगान वृद्धि
• अवैध सेस (abwabs) और अत्याचार
• किसानों में असंतोष की तीव्र भावना
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🤝 किसान संघ की स्थापना (1873)
• ‘Agrarian League’ (किसान संघ) की स्थापना
• उद्देश्य – संगठित एवं वैधानिक तरीके से अधिकारों की रक्षा
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
👑 आन्दोलन की विचारधारा
• किसान ब्रिटिश शासन के विरोधी नहीं थे
• उनका नारा –
“हम महारानी और सिर्फ महारानी के रैय्यत होना चाहते हैं।”
• वे सीधे ब्रिटिश क्राउन के अधीन रहना चाहते थे, जमींदारों से मुक्त
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🧑🌾 प्रमुख नेता
• ईशानचन्द्र राय
• शम्भुपाल
• खोदी मल्लाह
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
📰 प्रेस और समर्थन
• अमृत बाजार पत्रिका ने विरोध किया (जमींदार समर्थक रुख)
• इंडियन एसोसिएशन ने समर्थन किया
– सुरेन्द्रनाथ बनर्जी
– आनंद मोहन बोस
– द्वारकानाथ गांगुली
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🤝 सांप्रदायिक एकता का उदाहरण
• हिन्दू-मुस्लिम किसानों ने संयुक्त रूप से भाग लिया
• सामाजिक एकता का अनूठा उदाहरण
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
⚖ प्रशासनिक प्रतिक्रिया
• लेफ्टिनेंट गवर्नर कैंपबेल ने सहानुभूतिपूर्ण रुख अपनाया
• जाँच आयोग की नियुक्ति
• आयोग की सिफारिशों के आधार पर
📜 बंगाल काश्तकारी अधिनियम, 1885 पारित
👉 परिणाम –
• किसानों को भूमि पर अधिकार संरक्षण
• जमींदारों की मनमानी पर नियंत्रण
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
✨ आन्दोलन की विशेषताएँ
• पूर्णतः अहिंसक
• कानून के दायरे में संचालित
• संगठित, अनुशासित और वैधानिक संघर्ष
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🎭 साहित्यिक उल्लेख
• ‘जमींदार दर्पण’ नाटक
• लेखक – शर्फ हुसैन
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
Telegram
🎯 HISTORY BY JRF PASSED(CHANNEL )📌UGC NET/JRF, ASSISTANT PROFESSOR/GRADE FIRST
🔥 4 बार NET और JRF Qualify (99.83 Percentile) – दिसंबर 2024 🔥AIR 90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
❤4👍1
⭐ IMPORTANT FACTS ⭐
🇮🇳 ब्रिटिश भारत के प्रमुख पदाधिकारी, अधिनियम एवं कार्यकाल 🇮🇳
━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🔹 1. बंगाल के गवर्नर
▪️ प्रथम एवं अंतिम गवर्नर – 🏛️ वॉरेन हेस्टिंग्स
📅 कार्यकाल (Governor of Bengal) – 1772 – 1774
📜 संबंधित अधिनियम – Regulating Act, 1773
➝ 1774 से गवर्नर-जनरल बने।
━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🔹 2. बंगाल के गवर्नर-जनरल
▪️ प्रथम – 👑 वॉरेन हेस्टिंग्स
📅 कार्यकाल – 1774 – 1785
📜 अधिनियम – Regulating Act, 1773
▪️ अंतिम – 👑 लॉर्ड विलियम बैंटिक
📅 कार्यकाल – 1828 – 1833
📜 परिवर्तन – Charter Act, 1833
➝ पद बना: Governor-General of India
━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🔹 3. भारत के गवर्नर-जनरल
▪️ प्रथम – 🇬🇧 लॉर्ड विलियम बैंटिक
📅 कार्यकाल – 1833 – 1835
📜 अधिनियम – Charter Act, 1833
▪️ अंतिम – 🇬🇧 लॉर्ड कैनिंग
📅 कार्यकाल – 1856 – 1858 (GG of India)
📜 परिवर्तन – Government of India Act, 1858
➝ पद बना: Viceroy of India
━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🔹 4. भारत के वायसराय
▪️ प्रथम वायसराय – 🎖️ लॉर्ड कैनिंग
📅 कार्यकाल – 1858 – 1862
📜 अधिनियम – Government of India Act, 1858
▪️ अंतिम ब्रिटिश वायसराय – 🎖️ लॉर्ड माउंटबैटन
📅 कार्यकाल – मार्च 1947 – 15 अगस्त 1947
📜 अधिनियम – Indian Independence Act, 1947
━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🔹 5. स्वतंत्र भारत के गवर्नर-जनरल
▪️ प्रथम – 🇮🇳 लॉर्ड माउंटबैटन
📅 कार्यकाल – 15 अगस्त 1947 – जून 1948
▪️ प्रथम भारतीय एवं अंतिम गवर्नर-जनरल – 🇮🇳 चक्रवर्ती राजगोपालाचारी
📅 कार्यकाल – जून 1948 – 26 जनवरी 1950
📜 पद समाप्त – भारतीय संविधान लागू (1950)
━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🇮🇳 ब्रिटिश भारत के प्रमुख पदाधिकारी, अधिनियम एवं कार्यकाल 🇮🇳
━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🔹 1. बंगाल के गवर्नर
▪️ प्रथम एवं अंतिम गवर्नर – 🏛️ वॉरेन हेस्टिंग्स
📅 कार्यकाल (Governor of Bengal) – 1772 – 1774
📜 संबंधित अधिनियम – Regulating Act, 1773
➝ 1774 से गवर्नर-जनरल बने।
━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🔹 2. बंगाल के गवर्नर-जनरल
▪️ प्रथम – 👑 वॉरेन हेस्टिंग्स
📅 कार्यकाल – 1774 – 1785
📜 अधिनियम – Regulating Act, 1773
▪️ अंतिम – 👑 लॉर्ड विलियम बैंटिक
📅 कार्यकाल – 1828 – 1833
📜 परिवर्तन – Charter Act, 1833
➝ पद बना: Governor-General of India
━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🔹 3. भारत के गवर्नर-जनरल
▪️ प्रथम – 🇬🇧 लॉर्ड विलियम बैंटिक
📅 कार्यकाल – 1833 – 1835
📜 अधिनियम – Charter Act, 1833
▪️ अंतिम – 🇬🇧 लॉर्ड कैनिंग
📅 कार्यकाल – 1856 – 1858 (GG of India)
📜 परिवर्तन – Government of India Act, 1858
➝ पद बना: Viceroy of India
━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🔹 4. भारत के वायसराय
▪️ प्रथम वायसराय – 🎖️ लॉर्ड कैनिंग
📅 कार्यकाल – 1858 – 1862
📜 अधिनियम – Government of India Act, 1858
▪️ अंतिम ब्रिटिश वायसराय – 🎖️ लॉर्ड माउंटबैटन
📅 कार्यकाल – मार्च 1947 – 15 अगस्त 1947
📜 अधिनियम – Indian Independence Act, 1947
━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🔹 5. स्वतंत्र भारत के गवर्नर-जनरल
▪️ प्रथम – 🇮🇳 लॉर्ड माउंटबैटन
📅 कार्यकाल – 15 अगस्त 1947 – जून 1948
▪️ प्रथम भारतीय एवं अंतिम गवर्नर-जनरल – 🇮🇳 चक्रवर्ती राजगोपालाचारी
📅 कार्यकाल – जून 1948 – 26 जनवरी 1950
📜 पद समाप्त – भारतीय संविधान लागू (1950)
━━━━━━━━━━━━━━━━━━
Telegram
🎯 HISTORY BY JRF PASSED(CHANNEL )📌UGC NET/JRF, ASSISTANT PROFESSOR/GRADE FIRST
🔥 4 बार NET और JRF Qualify (99.83 Percentile) – दिसंबर 2024 🔥AIR 90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
❤5👍1
⭐ IMPORTANT FACTS ⭐
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
📚 शिवाजी एवं मराठों पर प्रमुख ग्रंथ
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🌍 1. पुर्तगाली स्रोत
🔹 कॉस्मो दे गुआर्दा (Cosme da Guarda)
▪ 1695 ई. में पुर्तगाली भाषा में शिवाजी की जीवनी लिखी।
▪ मूल शीर्षक – Vida e Accoerio do Famoso e Felicissima Sevagy
▪ अंग्रेजी नाम – Life of the Celebrated Shivaji
▪ यह शिवाजी पर लिखी गई प्रारम्भिक यूरोपीय जीवनी मानी जाती है।
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
📖 2. आधुनिक भारतीय एवं यूरोपीय कृतियाँ
🔹 शिवाजी सोवेनियर – गोविंद सखाराम सरदेसाई
🔹 New History of the Marathas – गोविंद सखाराम सरदेसाई
🔹 History of the Marathas – ग्रांट डफ
▪ मराठा इतिहास का प्रारम्भिक अंग्रेजी स्रोत।
🔹 Rise of the Maratha Power – एम. जी. रानाडे
▪ मराठा शक्ति के उदय का विश्लेषणात्मक अध्ययन।
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
📜 3. समकालीन मराठी स्रोत
🔹 सभासद बखर / शिव छत्रपतींचे चरित्र
▪ लेखक – कृष्णाजी अनंत सभासद
▪ अंग्रेजी नाम – Life of Shivaji (Shiva Chhatrapati)
▪ शिवाजी की आधिकारिक दरबारी जीवनी मानी जाती है।
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
📚 शिवाजी एवं मराठों पर प्रमुख ग्रंथ
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
🌍 1. पुर्तगाली स्रोत
🔹 कॉस्मो दे गुआर्दा (Cosme da Guarda)
▪ 1695 ई. में पुर्तगाली भाषा में शिवाजी की जीवनी लिखी।
▪ मूल शीर्षक – Vida e Accoerio do Famoso e Felicissima Sevagy
▪ अंग्रेजी नाम – Life of the Celebrated Shivaji
▪ यह शिवाजी पर लिखी गई प्रारम्भिक यूरोपीय जीवनी मानी जाती है।
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
📖 2. आधुनिक भारतीय एवं यूरोपीय कृतियाँ
🔹 शिवाजी सोवेनियर – गोविंद सखाराम सरदेसाई
🔹 New History of the Marathas – गोविंद सखाराम सरदेसाई
🔹 History of the Marathas – ग्रांट डफ
▪ मराठा इतिहास का प्रारम्भिक अंग्रेजी स्रोत।
🔹 Rise of the Maratha Power – एम. जी. रानाडे
▪ मराठा शक्ति के उदय का विश्लेषणात्मक अध्ययन।
━━━━━━━━━━━━━━━━━━━━
📜 3. समकालीन मराठी स्रोत
🔹 सभासद बखर / शिव छत्रपतींचे चरित्र
▪ लेखक – कृष्णाजी अनंत सभासद
▪ अंग्रेजी नाम – Life of Shivaji (Shiva Chhatrapati)
▪ शिवाजी की आधिकारिक दरबारी जीवनी मानी जाती है।
Telegram
🎯 HISTORY BY JRF PASSED(CHANNEL )📌UGC NET/JRF, ASSISTANT PROFESSOR/GRADE FIRST
🔥 4 बार NET और JRF Qualify (99.83 Percentile) – दिसंबर 2024 🔥AIR 90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
❤4👍2
⭐ IMPORTANT FACTS ⭐
✨🌍 अलबरूनी (Abu Rayhan Al-Biruni) 🌍✨
👤 उपनाम – अबू रेहान
🏅 उपाधि – विद्यासागर (भारतीय ब्राह्मणों द्वारा प्रदत्त) ✨, प्रथम मुस्लिम भारतविद् (Indologist) 📚
🎂 जन्मस्थान – खीवा (ख्वारिज्म) 🏡
⚰️ मृत्यु – 77 वर्ष की आयु में गजनी 🕌
🌟 विशेषताएँ 🌟
📖 पहले मुसलमान विद्वान जिन्होंने संस्कृत सीखी।
🙏 गीता, पुराण, सांख्य, ज्योतिष एवं योगसूत्र का गहन अध्ययन।
📜 पतंजलि के योगसूत्र का अरबी अनुवाद किया और उसे सूफ़ी मत के समान माना।
🧠 दार्शनिक 🧮 गणितज्ञ 👨⚕️ चिकित्सक 🔮 ज्योतिषविद्।
👑 प्लेटो और अरस्तू की विचारधारा का उल्लेख।
💖 गीता से अत्यधिक प्रभावित।
📚 प्रमुख ग्रंथ 📚
1️⃣ किताब-उल-हिन्द (तहकीक-ए-हिन्द / मिन मकाला) – भारत पर महान ग्रंथ (1030 ई.)
2️⃣ इवोल्का – भारत प्रवास के बाद की रचना ✍️
3️⃣ किताबस सयदना – औषधियों पर आधारित ग्रंथ 💊 (फारसी अनुवाद बक्र द्वारा)
🌐 अनुवाद 🌐
📘 किताब-उल-हिन्द (अरबी) का अंग्रेज़ी अनुवाद – एडवर्ड सचाऊ (1888 ई.)
📕 हिंदी अनुवाद – रजनीकांत शर्मा
⚔️ राजनीतिक जीवन से संबंध ⚔️
🏰 मामूनी वंश के ख्वारिज्म शाह के राजनैतिक सलाहकार।
⚡ महमूद गजनवी ने ख्वारिज्म जीतने के बाद युद्धबंदी बनाया।
🌟 गजनवी दरबार में राजज्योतिष नियुक्त।
🕌 1018-19 ई. में महमूद के साथ भारत आगमन।
📍 लगभग 10 वर्ष भारत में रहे।
👑 महमूद के पुत्र मसूद से भी संरक्षण मिला।
💡 अलबरूनी की विरासत 💡
🌸 भारतीय समाज, संस्कृति, धर्म और ज्ञान पर गहरी दृष्टि।
🌍 पश्चिमी जगत को भारत के दर्शन और परंपराओं से परिचित कराया।
📖 "भारतविद्या" (Indology) के प्रथम मुस्लिम विद्वान।
✨🌍 अलबरूनी (Abu Rayhan Al-Biruni) 🌍✨
👤 उपनाम – अबू रेहान
🏅 उपाधि – विद्यासागर (भारतीय ब्राह्मणों द्वारा प्रदत्त) ✨, प्रथम मुस्लिम भारतविद् (Indologist) 📚
🎂 जन्मस्थान – खीवा (ख्वारिज्म) 🏡
⚰️ मृत्यु – 77 वर्ष की आयु में गजनी 🕌
🌟 विशेषताएँ 🌟
📖 पहले मुसलमान विद्वान जिन्होंने संस्कृत सीखी।
🙏 गीता, पुराण, सांख्य, ज्योतिष एवं योगसूत्र का गहन अध्ययन।
📜 पतंजलि के योगसूत्र का अरबी अनुवाद किया और उसे सूफ़ी मत के समान माना।
🧠 दार्शनिक 🧮 गणितज्ञ 👨⚕️ चिकित्सक 🔮 ज्योतिषविद्।
👑 प्लेटो और अरस्तू की विचारधारा का उल्लेख।
💖 गीता से अत्यधिक प्रभावित।
📚 प्रमुख ग्रंथ 📚
1️⃣ किताब-उल-हिन्द (तहकीक-ए-हिन्द / मिन मकाला) – भारत पर महान ग्रंथ (1030 ई.)
2️⃣ इवोल्का – भारत प्रवास के बाद की रचना ✍️
3️⃣ किताबस सयदना – औषधियों पर आधारित ग्रंथ 💊 (फारसी अनुवाद बक्र द्वारा)
🌐 अनुवाद 🌐
📘 किताब-उल-हिन्द (अरबी) का अंग्रेज़ी अनुवाद – एडवर्ड सचाऊ (1888 ई.)
📕 हिंदी अनुवाद – रजनीकांत शर्मा
⚔️ राजनीतिक जीवन से संबंध ⚔️
🏰 मामूनी वंश के ख्वारिज्म शाह के राजनैतिक सलाहकार।
⚡ महमूद गजनवी ने ख्वारिज्म जीतने के बाद युद्धबंदी बनाया।
🌟 गजनवी दरबार में राजज्योतिष नियुक्त।
🕌 1018-19 ई. में महमूद के साथ भारत आगमन।
📍 लगभग 10 वर्ष भारत में रहे।
👑 महमूद के पुत्र मसूद से भी संरक्षण मिला।
💡 अलबरूनी की विरासत 💡
🌸 भारतीय समाज, संस्कृति, धर्म और ज्ञान पर गहरी दृष्टि।
🌍 पश्चिमी जगत को भारत के दर्शन और परंपराओं से परिचित कराया।
📖 "भारतविद्या" (Indology) के प्रथम मुस्लिम विद्वान।
Telegram
🎯 HISTORY BY JRF PASSED(CHANNEL )📌UGC NET/JRF, ASSISTANT PROFESSOR/GRADE FIRST
🔥 4 बार NET और JRF Qualify (99.83 Percentile) – दिसंबर 2024 🔥AIR 90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
📢 Group ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSED
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️ ⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
❤2👍1
🎨✨ अजन्ता की चित्रकला ⭐ ✨
📍 स्थान: महाराष्ट्र के औरंगाबाद जिले में फर्दापुर गाँव के समीप, वाघोरा नदी 🌊 के किनारे सह्याद्रि की पहाड़ियों में।
📖 नामकरण: समीप स्थित अजिण्ठा/अजन्ता गाँव के नाम पर। महामयूरी ग्रंथ में ‘अजितान्जेय’ का उल्लेख मिलता है। 📜
🔍 खोज एवं अध्ययन:
🔸 1819 ई. — जॉन स्मिथ ने खोज की।
🔸 1822 ई. — विलियम एरिक्सन ने पहली चर्चा की।
🔸 1824 ई. — जनरल सर जेम्स अलेक्जेण्डर ने विवरण तैयार किया।
🔸 1829 ई. — Royal Asiatic Society की पत्रिका में विवरण प्रकाशित।
🔸 1847 ई. — मेजर रॉबर्ट गिल ने चित्रों की प्रतिकृतियाँ बनाईं। 🎨
🔸 1915 ई. — लेडी हेरिंगहम की ‘Ajanta Frescoes’ प्रकाशित। 📚
🏛️ गुफाओं की संख्या: कुल 30
➡️ 29 पूर्ण निर्मित + 1 अर्द्धनिर्मित ⛰️
⏳ निर्माण काल: द्वितीय शताब्दी ई.पू. से सातवीं शताब्दी ई. तक।
🛕 चैत्य गुफाएँ: 5 — 9, 10, 19, 26, 30 🙏
🏠 विहार गुफाएँ: शेष 25 गुफाएँ — भिक्षुओं के निवास हेतु। 🧘♂️
अजन्ता = 30 गुफाएँ | 5 चैत्य | 25 विहार | 1819 ई. खोज ⭐
📍 स्थान: महाराष्ट्र के औरंगाबाद जिले में फर्दापुर गाँव के समीप, वाघोरा नदी 🌊 के किनारे सह्याद्रि की पहाड़ियों में।
📖 नामकरण: समीप स्थित अजिण्ठा/अजन्ता गाँव के नाम पर। महामयूरी ग्रंथ में ‘अजितान्जेय’ का उल्लेख मिलता है। 📜
🔍 खोज एवं अध्ययन:
🔸 1819 ई. — जॉन स्मिथ ने खोज की।
🔸 1822 ई. — विलियम एरिक्सन ने पहली चर्चा की।
🔸 1824 ई. — जनरल सर जेम्स अलेक्जेण्डर ने विवरण तैयार किया।
🔸 1829 ई. — Royal Asiatic Society की पत्रिका में विवरण प्रकाशित।
🔸 1847 ई. — मेजर रॉबर्ट गिल ने चित्रों की प्रतिकृतियाँ बनाईं। 🎨
🔸 1915 ई. — लेडी हेरिंगहम की ‘Ajanta Frescoes’ प्रकाशित। 📚
🏛️ गुफाओं की संख्या: कुल 30
➡️ 29 पूर्ण निर्मित + 1 अर्द्धनिर्मित ⛰️
⏳ निर्माण काल: द्वितीय शताब्दी ई.पू. से सातवीं शताब्दी ई. तक।
🛕 चैत्य गुफाएँ: 5 — 9, 10, 19, 26, 30 🙏
🏠 विहार गुफाएँ: शेष 25 गुफाएँ — भिक्षुओं के निवास हेतु। 🧘♂️
अजन्ता = 30 गुफाएँ | 5 चैत्य | 25 विहार | 1819 ई. खोज ⭐
👍1
⭐ VERY IMPORTANT ⭐
🔥 यज्ञ-क्षेत्र की रंगभूमि
🔱 श्रौत यज्ञों में तीन अग्नियाँ
विस्तृत श्रौत (वैदिक) यज्ञों में 3 प्रकार की अग्नियों का प्रयोग होता था—
🔥 अग्नि| 📐 वेदी का आकार🧭दिशा
1 गार्हपत्य अग्नि| ⚪ वृत्ताकार| पश्चिम
2 आहवनीय अग्नि| ⬜ वर्गाकार| पूर्व
3 दक्षिणाग्नि| 🌙 अर्धचन्द्राकार| दक्षिण
🔥 अग्नियों की विशेषता
- यज्ञ में अग्नियों की अवस्थिति एवं अन्य सभी व्यवस्थाएँ पूर्व निर्धारित होती थीं।
- सर्वप्रथम गार्हपत्य अग्नि को प्रज्वलित किया जाता था।
- इसी अग्नि से आहवनीय एवं दक्षिणाग्नि को प्रज्वलित किया जाता था।
🏞️ यज्ञ-वेदी की संरचना
- सम्पूर्ण यज्ञ-वेदी वस्तुतः एक आयताकार क्षेत्र होती थी।
- इसका मध्य भाग लम्बवत् दिशा में थोड़ा संकीर्ण होता था।
- यह वेदी गार्हपत्य एवं आहवनीय अग्नि के बीच स्थित होती थी।
- वेदी को पवित्र दूबों से ढका जाता था।
- यज्ञ में प्रयुक्त होने वाली सभी सामग्रियाँ यहीं व्यवस्थित की जाती थीं।
👨🦱 वैदिक पुरोहित एवं उनके कार्य
📖 होतृ — ऋग्वेद
→ ऋचाओं का वाचन करते थे।
📜 अध्वर्यु — यजुर्वेद
→ विभिन्न यज्ञीय अनुष्ठानों का निष्पादन करते थे।
🎶 उद्गातृ — सामवेद
→ सामगान करते थे।
🪔 अन्य व्यवस्थाएँ
- ब्राह्मणों की स्थिति भी पूर्व निर्धारित होती थी।
- यजमान एवं उसकी पत्नी के बैठने का स्थान भी पहले से निश्चित होता था।
🔥 यज्ञ-क्षेत्र की रंगभूमि
🔱 श्रौत यज्ञों में तीन अग्नियाँ
विस्तृत श्रौत (वैदिक) यज्ञों में 3 प्रकार की अग्नियों का प्रयोग होता था—
🔥 अग्नि| 📐 वेदी का आकार🧭दिशा
1 गार्हपत्य अग्नि| ⚪ वृत्ताकार| पश्चिम
2 आहवनीय अग्नि| ⬜ वर्गाकार| पूर्व
3 दक्षिणाग्नि| 🌙 अर्धचन्द्राकार| दक्षिण
🔥 अग्नियों की विशेषता
- यज्ञ में अग्नियों की अवस्थिति एवं अन्य सभी व्यवस्थाएँ पूर्व निर्धारित होती थीं।
- सर्वप्रथम गार्हपत्य अग्नि को प्रज्वलित किया जाता था।
- इसी अग्नि से आहवनीय एवं दक्षिणाग्नि को प्रज्वलित किया जाता था।
🏞️ यज्ञ-वेदी की संरचना
- सम्पूर्ण यज्ञ-वेदी वस्तुतः एक आयताकार क्षेत्र होती थी।
- इसका मध्य भाग लम्बवत् दिशा में थोड़ा संकीर्ण होता था।
- यह वेदी गार्हपत्य एवं आहवनीय अग्नि के बीच स्थित होती थी।
- वेदी को पवित्र दूबों से ढका जाता था।
- यज्ञ में प्रयुक्त होने वाली सभी सामग्रियाँ यहीं व्यवस्थित की जाती थीं।
👨🦱 वैदिक पुरोहित एवं उनके कार्य
📖 होतृ — ऋग्वेद
→ ऋचाओं का वाचन करते थे।
📜 अध्वर्यु — यजुर्वेद
→ विभिन्न यज्ञीय अनुष्ठानों का निष्पादन करते थे।
🎶 उद्गातृ — सामवेद
→ सामगान करते थे।
🪔 अन्य व्यवस्थाएँ
- ब्राह्मणों की स्थिति भी पूर्व निर्धारित होती थी।
- यजमान एवं उसकी पत्नी के बैठने का स्थान भी पहले से निश्चित होता था।
👍3❤1
Forwarded from 📚 HISTORY QUIZ BY JRF PASSED 📚
⭐ IMPORTANT FACETS ⭐
🏺 दाइमाबाद की कांस्य मूर्तियाँ
दाइमाबाद से मानव, भैंस, हाथी और गैंडे की कांस्य आकृतियाँ प्राप्त हुई हैं।
🧑 मानव: 16 सेमी ऊँचा; दो पहियों वाले रथ को दो बैलों के साथ चलाता हुआ। हाथ में लंबी छड़ी तथा शिश्न पर 4 फन फैलाए नाग।
🐃 भैंस: 31 सेमी ऊँची, 25 सेमी लंबी; चार पहियों वाले आधार पर।
🐘 हाथी: 25 सेमी से अधिक लंबा; पहियों वाले आधार पर, पहिए लुप्त।
🦏 गैंडा: 25 सेमी लंबा, 19 सेमी ऊँचा; चार ठोस पहियों वाले आधार पर।
⭐ याद रखें: दाइमाबाद → मानव + रथ + भैंस + हाथी + गैंडा
🏺 दाइमाबाद की कांस्य मूर्तियाँ
दाइमाबाद से मानव, भैंस, हाथी और गैंडे की कांस्य आकृतियाँ प्राप्त हुई हैं।
🧑 मानव: 16 सेमी ऊँचा; दो पहियों वाले रथ को दो बैलों के साथ चलाता हुआ। हाथ में लंबी छड़ी तथा शिश्न पर 4 फन फैलाए नाग।
🐃 भैंस: 31 सेमी ऊँची, 25 सेमी लंबी; चार पहियों वाले आधार पर।
🐘 हाथी: 25 सेमी से अधिक लंबा; पहियों वाले आधार पर, पहिए लुप्त।
🦏 गैंडा: 25 सेमी लंबा, 19 सेमी ऊँचा; चार ठोस पहियों वाले आधार पर।
⭐ याद रखें: दाइमाबाद → मानव + रथ + भैंस + हाथी + गैंडा
Telegram
📚 HISTORY QUIZ BY JRF PASSED 📚
🔥 4 बार NET और JRF Qualify (99.83 Percentile) – दिसंबर 2024 🔥AIR 90
🚀 JoIN FOR IMPORTANT PDF FILES
⬇️ ⬇️ ⬇️ ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSEDD
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
🚀 JoIN FOR IMPORTANT PDF FILES
⬇️ ⬇️ ⬇️ ⬇️ ⬇️
https://t.me/HISTORYBYJRFPASSEDD
पूरे भारतीय इतिहास के TOPIC WISE TEST SERIES लेने के लिए MESSAGE करे । ⬇️ ⬇️⬇️
@JRFFALLINDIARANK90
👍2