मुहब्बत से जो बिछड़ी वो वफ़ायें शोर करती हैं,
किसी के हिस्से की सारी दुआयें शोर करती हैं,
लहरें खामोश बैठी हैं समन्द्र के किनारे पर,
और ये बेचैन सी पागल हवायें शोर करती हैं,
मुद्दत हुई मुझको दुनिया की महफ़िलें छोड़े,
पर कम्बख्त अब भी यादों की सदायें शोर करती हैं!
@kataizaharila
किसी के हिस्से की सारी दुआयें शोर करती हैं,
लहरें खामोश बैठी हैं समन्द्र के किनारे पर,
और ये बेचैन सी पागल हवायें शोर करती हैं,
मुद्दत हुई मुझको दुनिया की महफ़िलें छोड़े,
पर कम्बख्त अब भी यादों की सदायें शोर करती हैं!
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🔥9👍6😢1
तुम्हारा नम्बर डिलीट करने से पहले,,
कहीं ना कहीं एक गुंजाइश अभी बाकी थी...!!
डिलीट से पहले नोटिफिकेशन को दो बार पढ़ा मैंने...
DO YOU WANT TO DELETE THIS CONTACT NO. PERMANENTLY...??
महज़ 10 अंक नही, 10 डोरियां थी...एक एक नम्बर से जुड़ी...
एक एहसास की
विश्वास की
दोस्ती की
अपनेपन की
ख्वाब की
ख्याल की
सपनों की
खुशियों की
उम्मीदों की
ख्वाइशों की
फिर OK दबाया और अब तुम शुमार हो गये
UNKNOWN की लिस्ट में 😔
@kataizaharila
कहीं ना कहीं एक गुंजाइश अभी बाकी थी...!!
डिलीट से पहले नोटिफिकेशन को दो बार पढ़ा मैंने...
DO YOU WANT TO DELETE THIS CONTACT NO. PERMANENTLY...??
महज़ 10 अंक नही, 10 डोरियां थी...एक एक नम्बर से जुड़ी...
एक एहसास की
विश्वास की
दोस्ती की
अपनेपन की
ख्वाब की
ख्याल की
सपनों की
खुशियों की
उम्मीदों की
ख्वाइशों की
फिर OK दबाया और अब तुम शुमार हो गये
UNKNOWN की लिस्ट में 😔
@kataizaharila
👍24😢10❤3💔3
मेरा कंधा अब महसूस करता रहता है तुम्हारी कमी,
एक अर्से से मैंने अपने कंधे पर तुम्हारा सर नहीं देखा..❤️🌻
@kataizaharila
एक अर्से से मैंने अपने कंधे पर तुम्हारा सर नहीं देखा..❤️🌻
@kataizaharila
❤22👍7😢3👏1
तुमसे मिलने के जो हम बहाने ढूंढते रहे
तेरे होंठों मे रखे इश्क के खज़ाने ढूंढते रहे
तुम छुपा कर बैठे रहे चांद को अपनी हंसी मे
फलक पे अपने यार को हम दीवाने ढूंढते रहे
नया दौर है मोहब्बत का नई जाल साझी है
हम रहे जाहिल तौर तरीके पुराने ढूंढते रहे
@kataizaharila
तेरे होंठों मे रखे इश्क के खज़ाने ढूंढते रहे
तुम छुपा कर बैठे रहे चांद को अपनी हंसी मे
फलक पे अपने यार को हम दीवाने ढूंढते रहे
नया दौर है मोहब्बत का नई जाल साझी है
हम रहे जाहिल तौर तरीके पुराने ढूंढते रहे
@kataizaharila
❤7👏5
❤18👍6
छुआ था तूने, ये बात सही है,
मगर ठुकराने की रस्म भी निभाई थी,
कंकड़ समझ कर फेंक दिया जिसने,
वो क्या जाने, मेरी क़ीमत खुदा ने बनाई थी।❤️
@kataizaharila
मगर ठुकराने की रस्म भी निभाई थी,
कंकड़ समझ कर फेंक दिया जिसने,
वो क्या जाने, मेरी क़ीमत खुदा ने बनाई थी।❤️
@kataizaharila
❤12🔥4👍1
ओ सजनी रे
तुम्हारे माथे पर सजाया गया सिन्दूर... मेरी उम्मीद ख़तम कर सकता है... प्रेम नहीं
@kataizaharila
तुम्हारे माथे पर सजाया गया सिन्दूर... मेरी उम्मीद ख़तम कर सकता है... प्रेम नहीं
@kataizaharila
❤13🥰5👍3
मैंने उससे निशानी के तौर पर कुछ मांगा,
.
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उसने मासूमियत से....
बालों से क्लिप निकाल के मेरी हथेली पर रख दिया !!
@kataizaharila
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उसने मासूमियत से....
बालों से क्लिप निकाल के मेरी हथेली पर रख दिया !!
@kataizaharila
😁13🥰4❤2👍2
❤12💔7👍3
आख़िरी पन्ने पर मैं लिख दूँगा कि 'हम मिल गए',
हमारी कहानी में पुनर्जन्म का कोई ज़िक्र ना होगा।। 🧡❤️
@kataizaharila
हमारी कहानी में पुनर्जन्म का कोई ज़िक्र ना होगा।। 🧡❤️
@kataizaharila
❤28👍3
❤14👍5
तुम मिलो तो तुमसे न जाने कितनी ही बातें करनी हैं...
पर हाँ..उन सब से पहले तुमसे तुम्हारी ही कुछ शिकायतें करनी हैं...
@kataizaharila
पर हाँ..उन सब से पहले तुमसे तुम्हारी ही कुछ शिकायतें करनी हैं...
@kataizaharila
❤17👍3😁3
*धारा 308 की हकदार है तुम्हारी आंखे पड़ोसन...!
जब भी देखती है घायल कर देती हैं...!! ❤️
* धारा 308 एक ऐसे अपराध को दर्शाती है जिसमें कोई व्यक्ति जान लेने की नीयत से प्रयास करता है, लेकिन हत्या नहीं होती।
@kataizaharila
जब भी देखती है घायल कर देती हैं...!! ❤️
* धारा 308 एक ऐसे अपराध को दर्शाती है जिसमें कोई व्यक्ति जान लेने की नीयत से प्रयास करता है, लेकिन हत्या नहीं होती।
@kataizaharila
😁25🥰7❤4👍3
👍11❤3
हर बात तेरी याद दिलाती है,
फिर तेरी बेवफ़ाई याद आती है,
और तुझे भूलने की जो करता हूँ कोशिश,
तू अपनी औक़ात दिखाने फिर से ख़्वाबों में चली आती है।
@kataizaharila
फिर तेरी बेवफ़ाई याद आती है,
और तुझे भूलने की जो करता हूँ कोशिश,
तू अपनी औक़ात दिखाने फिर से ख़्वाबों में चली आती है।
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💔7❤5👍4🔥2
करके इजहार तू फिर ठोकर खाएगा, खयाल रख अपना नहीं तो मर जाएगा।
दिमाग से खेलने वाली वो समझदार लड़की, तू दिल से खेलता है हार जाएगा।।💔
@kataizaharila
दिमाग से खेलने वाली वो समझदार लड़की, तू दिल से खेलता है हार जाएगा।।💔
@kataizaharila
❤10👍9💔3
सुनो पड़ोसन..!
कुछ उलझा सा हूँ... तुम्हारे लिये झुमके लेने को...!! 😍
हर झुमका बेताब है यहाँ, तुम्हारे कानों को चूमने के लिये...!!!
@kataizaharila
कुछ उलझा सा हूँ... तुम्हारे लिये झुमके लेने को...!! 😍
हर झुमका बेताब है यहाँ, तुम्हारे कानों को चूमने के लिये...!!!
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❤20👍8
"कभी-कभी हम जिसे प्यार समझते हैं, वो बस किसी की आदत होती है, किसी से घंटों बात करना, उसकी हर बात पर मुस्कुराना, उसके बिना बेचैन हो जाना, ये प्यार नहीं सिर्फ एक ये लगाव है, प्यार तब होता है, जब वक़्त, हालात और दूरियाँ भी उस इंसान को हमारे दिल से हटा नहीं पातीं, इसलिए हर महसूस किया हुआ रिश्ता, ‘इश्क़’ नहीं होता, कुछ बस वक़्त का साथ होते हैं और वक़्त के साथ बिखर जाते हैं....
@kataizaharila
@kataizaharila
👍27❤7
यूँ तो काफी मिर्च-मसाले हैं इस जिंदगी में....
तुम्हारे बिना जायका फिर भी फीका ही लगता है..
@kataizaharila
तुम्हारे बिना जायका फिर भी फीका ही लगता है..
@kataizaharila
👏11❤4👍3
😢25❤6👍2👏1