सुकून मिलता है मुझे तुम्हें ख़ैरियत से देखने पर
क्या फ़र्क पड़ता है कि तुम हमारे हो या किसी और के
@kataizaharila
क्या फ़र्क पड़ता है कि तुम हमारे हो या किसी और के
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❤44👍5🥰2😢2
प्रार्थनाएं जब फलीभूत होती हैं तो बरस पड़ती हैं इच्छाएं बारिश बनकर और ऋतुएं गाने लगती हैं मेघ मल्हार धुन..!
"सुनो पड़ोसन! तुम उसी तपस्या का वो वरदान हो जिसकी कल्पना भी परे थी... ❤️🧡
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"सुनो पड़ोसन! तुम उसी तपस्या का वो वरदान हो जिसकी कल्पना भी परे थी... ❤️🧡
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❤11
'सुन रही हो न पड़ोसन ....
"कुछ बोलूं—
ईश्वर ने जब मेरी आत्मा बनाई होगी,
तभी एक कोना तुम्हारे नाम से खाली छोड़ा होगा…
ताकि जब तुम आओ,
तो मैं खुद को 'ईश्वर' के और पास महसूस कर सकूं…!!
@kataizaharila
"कुछ बोलूं—
ईश्वर ने जब मेरी आत्मा बनाई होगी,
तभी एक कोना तुम्हारे नाम से खाली छोड़ा होगा…
ताकि जब तुम आओ,
तो मैं खुद को 'ईश्वर' के और पास महसूस कर सकूं…!!
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❤5👏2
कोई पुरुष अपनी स्त्री को इसलिए मर्यादा में रहने के लिए कहता है
क्योंकि उसे आज के लोगों का देखने का नजरिया पता है
@kataizaharila
क्योंकि उसे आज के लोगों का देखने का नजरिया पता है
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❤18💯5
😱7❤6👍1
परवाह और प्रेम वो साथ साथ कुछ यूँ जताती है ,
अपना तकिया मुझे दे खुद मेरे सीने पे सो जाती है
@kataizaharila
अपना तकिया मुझे दे खुद मेरे सीने पे सो जाती है
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❤11👏6🥰1🤩1
मैं लड़खड़ाता हूं तुझे जो साथ नही पाता हूं
मेरी खामोशी लिखती है इश्क मेरा मैं तुझे सोचता जाता हूं
वो मेरे दिलों दिमाग पर कुछ ऐसे सफर करती हैं
जैसे वो कोई शराब और में उसमे बहक सा जाता हूं
मैं लड़खड़ाता हूं
वो बैचैनी है मेरी मेरा करार भी वही है
वो इक बार है मेरी मेरा हर बार भी वही है
लगने का और लगाने का सब नजरो का खेल है
बस यही वजह है जो उसे सबसे छुपाता जाता हूं
मैं लड़खड़ाता हूं तुझे जो साथ नही पाता हूं
बस इतना कर्म करदे मेरे लफ्जो की निगरानी रख
बाकी मोहब्बत बांट दे बेशक जमाने को मेरे लिए छोटी सी कहानी रख
एक मेरा नाम छूता रहे तेरे लाल गुलाब से होंटो को
मेरा क्या मैं तो पागल तुझे ही दोहराता जाता हूं
मैं लड़खड़ाता हूं तुझे जो साथ नही पाता हूं
@kataizaharila
मेरी खामोशी लिखती है इश्क मेरा मैं तुझे सोचता जाता हूं
वो मेरे दिलों दिमाग पर कुछ ऐसे सफर करती हैं
जैसे वो कोई शराब और में उसमे बहक सा जाता हूं
मैं लड़खड़ाता हूं
वो बैचैनी है मेरी मेरा करार भी वही है
वो इक बार है मेरी मेरा हर बार भी वही है
लगने का और लगाने का सब नजरो का खेल है
बस यही वजह है जो उसे सबसे छुपाता जाता हूं
मैं लड़खड़ाता हूं तुझे जो साथ नही पाता हूं
बस इतना कर्म करदे मेरे लफ्जो की निगरानी रख
बाकी मोहब्बत बांट दे बेशक जमाने को मेरे लिए छोटी सी कहानी रख
एक मेरा नाम छूता रहे तेरे लाल गुलाब से होंटो को
मेरा क्या मैं तो पागल तुझे ही दोहराता जाता हूं
मैं लड़खड़ाता हूं तुझे जो साथ नही पाता हूं
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❤10
गुजारिश करते हैं तुमसे यूँ दूर नहीं जाओ तुम
हम इस जहां में हैं क्योंकि तुम पास हो हमारे ❤️
@kataizaharila
हम इस जहां में हैं क्योंकि तुम पास हो हमारे ❤️
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❤10
हम आखिरी पीढ़ी है महबूब के माथे को चूमने वाले,
हमारी नई पीढ़ी का मकसद सिर्फ होंठ चूमना ही होगा..❤️🌻
@kataizaharila
हमारी नई पीढ़ी का मकसद सिर्फ होंठ चूमना ही होगा..❤️🌻
@kataizaharila
❤16🔥2
तुम्हारा प्रेम मेरे लिए निर्वाण है प्रिय..🤍
जब तुम थाम लेते हो मेरे कंपकंपातें हाथों को अपने हाथों में; तब मेरी सहस्त्र पीड़ाओं का सहज ही तर्पण हो जाता हैं...♥️
@kataizaharila
जब तुम थाम लेते हो मेरे कंपकंपातें हाथों को अपने हाथों में; तब मेरी सहस्त्र पीड़ाओं का सहज ही तर्पण हो जाता हैं...♥️
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❤10🔥2
वक़्त गुज़र रहा है तेज़ी से...ये सबको दिखा...
धड़कनें आज भी वहीं अटकी है...ये कौन जाने...
@kataizaharila
धड़कनें आज भी वहीं अटकी है...ये कौन जाने...
@kataizaharila
👍10❤4
❤8👍5🥰3
❤29🥰3👍1
तुम विपक्ष सा मुझे घेर के तो देखो फलानी,
मैं सत्ता पक्ष सा शांत ना हो जाऊँ तो कहना...! ❤️
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मैं सत्ता पक्ष सा शांत ना हो जाऊँ तो कहना...! ❤️
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🥰12❤9
सुनो पड़ोसन…
जब तुम बोलती हो...और एकदम से पटर-पटर बोलती जाती हो...तब तुम्हे एकटक देखते हुए सुनना मुझे बहोत अच्छा लगता है...🥰
@kataizaharila
जब तुम बोलती हो...और एकदम से पटर-पटर बोलती जाती हो...तब तुम्हे एकटक देखते हुए सुनना मुझे बहोत अच्छा लगता है...🥰
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❤13
सर्दियां फिर से आयेगी....फिर से बारिश भी लौटेंगी....यें मौसम,ये पतझड़, यें ओस....बादल, नींद, लहरें, यादें....सबकुछ फिर से लौट आएगा......मगर जिंदगी से जाने वाले लोग?
@kataizaharila
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❤17🔥1