𓊿⃝❤️रिश्ता❤️दिलों❤️का❂𒉜
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खबर मिली है, स्टेशन पर तुम आने वाले हो...

रेल को पीछे छोड़ दिया है, सांसों की रफ्तारों ने !

#foryou ❣️🥀
👍14
ख्वाबों में चन्द सिलवटे छोड़ गए हो तुम,,
मेरे बिस्तर में अपनी करवटे छोड़ गए हो तुम...

ले गए जाते जाते तुम वजूद मेरा देख,,
मुझमें अपनी हरकते सारी छोड़ गए हो तुम...

तेरी मासूमियत झलकती है मेरे चेहरे से,,
मेरी दुआओं मे अपनी बरकते छोड़ गए हो तुम...

रहती हैं सीने में तेरे एहसासों की गरमाहट रोज,,,
सर्द मौसम मे जो गरम हसरते छोड़ गए हो तुम...

दिल को अब मेरे कहीं आराम नही मिलता,,,
ना जाने इससे कौन सी कुर्बते छोड़ गए हो तुम...

मैं दर्द भी लिखती हूं तो प्यार बन जाता हैं,,
कुछ ऐसी मोहब्बत वाली मुझमें आदते छोड़ गए हो तुम...

ये में नही कहती जरा पूछो जमाने से,,
उनकी आंखों के लिए जो राहतें छोड़ गए हो तुम...

सिर्फ मेरे लिए आओगे ये दुनिया कहती है,,,
आज कल अपनी माही से नफरते छोड़ गए हो तुम..।।
#foryou
#𝐌𝐚𝐚𝐡𝐢𝐲𝐚✍❤🥀
👍12❤7🔥2
कुछ अपने लिए भी बचा कर रखो,

सब कुछ बांटना भी उचित नहीं है....

#foryou
#Maahiya❤️💯
👍4🔥3
प्रेम मे जीत या हार किस बात पर निधारित होती है?


प्रेम में हार-जीत जैसा कुछ भी नही।
प्रेम तो बस प्रेम है।
ये सादा है, सरल है, सुगम भी है
यदि प्रेम करने वाले मष्तिष्क के द्वार नही
अपितु हृदय के द्वार खोलकर प्रेम करे।
प्रेम एक प्यारा सा एहसास है,
जो ईर्ष्या, द्वेष, लालसा, लोभ अथवा स्वार्थ से परे है।
इसमें पाने को एक दिल है,
मगर खोने को सारे जहान की ख़ुशियाँ है।

#𝐟𝐨𝐫𝐲𝐨𝐮
#𝐭𝐫𝐮𝐞𝐅𝐞𝐞𝐥𝐢𝐧𝐠
#𝐌𝐚𝐚𝐡𝐢𝐲𝐚❤🥰
👍5❤4
ये सादगी वाला इश्क़ है मेरा.....

ये ख़ास महीनों का मोहताज नहीं....

#foryouシ
#Maahiya❤🥀
❤9👍5🥰2
सुनो..!
मै तुम्हारी होना चाहती हूँ,,,

ना देह से बाँधना चाहती हूँ,,
ना रिश्तों में उलझाना चाहती हूँ,,
जिसमे सुलझे सुलझे से रहे मेरे मन के धागे,
मैं वो मनमीत होना चाहती हूँ,,
सुनो,,
मै तुम्हारी होना चाहती हूँ

तुम कहाँ आये,कहा गये,
किस्से और क्यूँ बोले नहीं पूछूंगी..
तुम महसूस करो खुद को आज़ाद,
मै वो आकाश बनना चाहती हूँ
सुनो,,
मै तुम्हारी होना चाहती हूँ

ना बेड़ी बनुँगी पाँव की,
ना बाँधूगी किसी वचन में,,
तुम जहाँ जाओ,
मै वो बियाबान् होना चाहती हूँ
सुनो,,
मै तुम्हारी होना चाहती हूँ

तेरे मन में बंजारन बनी फिरू किन्तु,
जो थम जाये एक आवाज पर,
मैं वो साथी होना चाहती हूँ,

सुनो..!
मै तुम्हारी होना चाहती हूँ।।

🥀🖤


#copied
#Foryou❤️🥀
#teraintzar🌿
👍3😁2
*पलट कर देखने का भी ..एक ..दस्तूर होता था ❤️

*एक जमाना था जब…इश्क़ कुछ यूँ…भी बयाँ होता था ❤️

#foryou🌿
#Maahiya❤️
❤‍🔥5❤3👍3
तेरी खुशी मे खुश तेरे गम मे उदास रहेंगे...
खुद से करके आए हैं वादा तेरे ही अब पास रहेंगे...
अब न आरजू किसी की अब न इल्तज़ा करेंगे....
तेरे ही सजदे करेंगे जब तलक मेरे सांस रहेंगे...
तेरी खुशी मे खुश तेरे गम मे उदास रहेंगे...

ना मांगेंगे ना देंगे इस दिल कतरा किसी को...
जैसे तुम हो मेरे लिए हम दुनिया के लिए बनके काश रहेंगे...
तुझसे ही उम्मीद थी दिल को तूने ही तन्हा छोड़ दिया...
कौन हमारी करेगा और हम क्यूँ किसी की तलाश रहेंगे...
मेरे ना होने का असर मेरे ना होने के बाद दिखेगा...
ना रही जो माही की दुनिया हम तो फिर भी तेरे पास रहेंगे...
वादों इरादो की जाना फेहरिस्त बहुत ही लम्बी है...
छोटी सी इस जिंदगी मे कितने दर्द के एहसास रहेंगे...
हम तो तेरी खुशी मे खुश तेरे गम मे उदास रहेंगे...।।

#goodvibes
#Maahiya
#Foryou❤️🥀
🥰4❤3😁1
वो जो शक्श भीड़ से मुंह छिपाए बैठा है।
ना जाने मेरी कितनी वो नींद खाए बैठा है।
ना जाने क्या है कोई आंखो को जँचता ही नहीं तब से
जब से मेरे दिल मे वो घर बनाए बैठा है।
वो जो शक्श भीड़ से मुंह छिपाए बैठा है।

उसके सिवा दिल का कोई अरमान नही लगता..
वो मालिक सा है दिल का मेरे मेहमान नही लगता..
मैं देखती हूं सामने से सब कुछ थम सा जाता है..
वो भी मुझे देखकर खुद धड़कन बढ़ाए बैठा है।
वो जो शख्स भीड़ से मुंह छिपाए बैठा है।

बड़ा शातिर चोर है खुद को इल्जाम नही देता है..
मुझे सब कुछ देता है बस अपना नाम नही देता है..
एक मैं हू मुझे हर कहानी मे जिसकी तलाश है..
एक वो जो मेरे लिए गजले बनाए बैठा है..
वो जो शख्स भीड़ से मुंह छिपाए बैठा है..।
ना जाने कितनी मेरी जान खाए बैठा है..।।

#foryou💞
#Maahiya ❤️🥀
❤22😢5👍2
कभी उदास बैठोगे कभी मुस्कराओगे...
मैं जब याद आऊंगी बताओ कैसे छूपाओगे..
ये न सोचना मुझे आंखो से बहा दोगे...
मैं रहती हूं तेरे दिल में बताओ कैसे दुखाओगे...
जानती हूं खुद को रख लोगे कैद करके तन्हाई में..
जानती हूं रजामंद कर लोगे दिल को मेरे खिलाफ गवाही में...
सजा मेरी जान भला मुझे कैसे सुनाओगे..
कभी उदास बैठोगे कभी मुस्कराओगे...

मोहब्बत ये दर्द दवा दुआ कब जानती है...
पर ये भी सच है तुझे मुजरिम तो मानती हैं...
तेरी रातों का भी मूझपे इल्जाम रहा होगा...
नफरत से ही सही तेरे होंटो पे मेरा नाम रहा होगा...
आखिरी ख्वाइश में लो फैला दी बाहें..
तुम कोन सा आके भला गले से लगाओगे..
मेरी याद में जब उदास बैठोगे...
माहिया की शायरी से तुम भी अपना दिल बहलाओगे...

#Foryou ❤️😢
#sanatani_ishq💖🥀
❤7